मेरठ शहर की ऐसी बेटियां भी हैं, जिन्होंने अपने कॅरियर को ही पहला प्यार बनाया। इनका पार्टनर बनीं इनकी किताबें, जिनके जरिये इन्होंने मेहनत कर सफलता हासिल की। कॅरियर की तरफ ध्यान देने से कोई धोखे का खतरा भी नहीं है। साथ ही भविष्य भी उज्जवल हो जाता है। बेटियां आत्मनिर्भर तो बनती ही हैं, अपने परिवार के लिए सहारा भी बन ही जाती हैं।
इन बेटियों में से कोई सीए बना, तो किसी ने कूची थामकर चित्रकारी की दुनिया में कदम रखा। इन बेटियों ने सही दिशा में फोकस करके अपने कॅरियर को चमकाया और साबित किया कि ये भी किसी से कम नहीं हैं।