फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

लुभाती है 200 साल पुराने ऐतिहासिक चर्च की खूबसूरती, यकीन नहीं तो देखें तस्वीरें

Sat, 23 Mar 2019 05:41 PM IST
कपिल kapil न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मेरठ
विज्ञापन
1 of 7
सेंट जोंस चर्च - फोटो : अमर उजाला
मेरठ में माल रोड से लेखानगर के बीच गुजरने वाली सड़क पर कैंट में अचानक लोगों की नजर 200 साल पुराने सेंट जोंस चर्च पर थम जाती है। इस चर्च की खूबसूरती यहां से गुजरने वाले हर व्यक्ति को अपनी तरफ आकर्षित करती है। यह चर्च पश्चिमी यूपी में सबसे पुराना चर्च है...
विज्ञापन

2 of 7
सेंट जोंस चर्च - फोटो : अमर उजाला
सन 1819 में इस चर्च को ईस्ट इंडिया कंपनी की तरफ से चेपलिन रेव हेनरी फिशर ने स्थापित किया था। मेरठ में ब्रिटिश सेना का बड़ा मुख्यालय होने के चलते सैनिकों, अधिकारियों की अध्यात्मिक और धार्मिक जरूरतों को ध्यान में रखते हुए चर्च को कैंट क्षेत्र के बीच बनाया गया। इसके समीप ही सेंट जोंस चर्च समाधि भी है।
विज्ञापन

3 of 7
सेंट जोंस चर्च - फोटो : अमर उजाला
यह चर्च आकर्षक लॉन पेड़ों और हरियाली से घिरा हुआ है। इसमें विशिष्ट अंग्रेजी शैली का अनुरूप देखने को मिलता है। इसे पल्लाडियन, शास्त्रीय शैली पर बनाया गया है, जो प्रार्थना करने के लिए खुला स्थान प्रदान करता है। चर्च के पास ही सबसे पुराना कब्रिस्तान भी है। यहां पर कई अंग्रेज अफसरों की कब्र हैं।

4 of 7
सेंट जोंस चर्च - फोटो : अमर उजाला
वहीं इनके शीर्ष पर उत्कीर्णित पत्थर, नक्काशीदार स्तंभ और किनारों पर पुरावस्तु की संरचना देखने को मिलती है। यहां सबसे पुरानी कब्र वर्ष 1810 की है। 31 अक्तूबर 1814 में खलांगा के युद्ध में मारे गए जनरल ह्यूग रॉबर्ट रोलो गिलेस्पी की भी समाधि भी यहीं पर है।
विज्ञापन

5 of 7
सेंट जोंस चर्च - फोटो : अमर उजाला
इसके अलावा 1857 के गदर में मारे गए अंग्रेज सैनिकों और अफसरों की कब्र यहां पर हैं। हर साल इंग्लैंड और दूसरे देशों से विदेशियों का एक दल अपने पुरखों की कब्र पर फूल चढ़ाने के लिए आता है। वे सभी चर्च में प्रार्थना करते हैं। इस ऐतिहासिक चर्च में फर्नीचर एवं दीवारों पर लगे शिलालेख आज भी देखने को मिलते हैं।
विज्ञापन

6 of 7
सेंट जोंस चर्च - फोटो : अमर उजाला
बता दें कि दो महत्वपूर्ण शिलालेख पुरातन देवनागरी और फारसी लिपियों में हैं। लोग यहां प्रार्थना करने आते हैं। रविवार को यहां पर खूब भीड़ रहती है। हजारों लोग एक साथ चर्च परिसर में प्रार्थना सभा में शामिल हो सकते हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

7 of 7
सेंट जोंस चर्च - फोटो : अमर उजाला
स्कूल भी है सबसे पुराना
मेरठ का सबसे पुराना अंग्रेजी माध्यमिक स्कूल भी सेंट जोंस है। इसकी स्थापना 1882 में की गई थी। इसे सैन्य दल के बच्चों के लिए निशुल्क शुरू किया गया। 1881 तक स्थानीय लोगों के लिए मेरठ में कोई स्कूल नहीं होने के कारण इसकी दो शाखाएं ओर खोली गईं। 1881 में सोल्जर्स चैपल द्वारा लड़कियों के लिए उच्चतर विद्यालय और 1882 में लड़कों के लिए उच्चतर और निम्नतर स्कूल खोला गया।

शहर से लेकर देश तक की ताजा खबरें व वीडियो देखने लिए हमारे इस फेसबुक पेज को लाइक करें

https://www.facebook.com/AuNewsMeerut/
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें