martyr ajay kumar
सिपाही अजय कुमार के शहीद होने की खबर उनके गांव के दोस्त फौजी अनिल कुमार के पास सोमवार सुबह चार बजे ही आ गई थी। सुबह आठ बजे तक वे असमंजस में रहे कि बताएं तो कैसे बताएं। वे अजय के पिता से भी मिले, लेकिन बताया कुछ नहीं। इसी बीच टीवी पर खबरें आना शुरू हो गईं। परिजनों को नाम सुनकर पता चल गया कि बेटा शहीद हो गया है।