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महापंचायत में जुटेंगे लाखों किसान: खराब मौसम के बावजूद कम नहीं हुआ जज्बा, तस्वीरों में देखें कैसी हैं तैयारियां

Sat, 04 Sep 2021 04:29 PM IST
Dimple Sirohi न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुजफ्फरनगर
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किसान महापंचायत, Farmers Mahapanchayat - फोटो : अमर उजाला
मुजफ्फरनगर में कल होने वाली किसान महापंचायत में लाखों किसान, मजदूरों कर्मचारियों और छात्रों के पहुंचने का दावा किया जा रहा है। हालांकि शुक्रवार शाम को शुरू हुई भारी बारिश ने महापंचायत के आयोजकों के माथे पर शिकन ला दी है, लेकिन महापंचायत को सफल बनाने का किसानों का जज्बा बरकरार है। शनिवार सुबह भी जिले में बारिश हुई लेकिन किसान कार्यकर्ता ने साहस नहीं खोया। बारिश से जीआईसी के मैदान में पंडाल के नीचे पानी भर गया, जिसके बाद दिन भर पंडाल और जमीन कोको सुखाने के लिए मेहनत की गई।

शुक्रवार की शाम बारिश इतनी अधिक थी सड़कों पर जलभराव हो गया। ऐसी स्थिति में जीआईसी के मैदान में पूरी तरह पानी भर गया। पंडाल में इतना पानी भर गया है कि पानी निकालने में शनिवार को भी कार्यकर्ता जुटे रहे। ऐसे हालात में शनिवार को भी मौसम खराब हो गया और हल्की बूंदाबांदी हुई। यदि रविवार तक तेज बारिश हो जाती है तो किसान महापंचायत का यह ग्राउंड किसानों को यहां बैठने की इजाजत नहीं दे पाएगा।
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महापंचायत की तैयारी में जुटे कार्यकर्ता। - फोटो : अमर उजाला
जाहिर है कि लगातार बारिश से किसान नेताओं के माथे पर चिंता की लकीरें साफ दिखाई दे रही है। हालांकि हरियाणा और अन्य राज्यों से पहुंचे किसान कार्यकर्ता पांडाल को सुखाने और व्यवस्था बनाने में जुटे रहे। वहीं शाम को शहर की सड़कों पर किसानों की गाड़ियां नजर आने लगी, जिनके स्वागत के लिए किसान कार्यकर्ता जगह-जगह मौजूद रहे। उधर, जिला प्रशासन पांडाल से पानी सुखाने और मैदान तैयार कराने में लगातार सहयोग कर रहा है, लेकिन लगातार बारिश होने से प्रशासन भी कुछ नहीं कर पाएगा। 
 
 
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की तैयारियों का जायजा लेते अधिकारी - फोटो : अमर उजाला
संयुक्त किसान मोर्चा की मुजफ्फरनगर में होने वाली महापंचायत पर सरकार से लेकर विपक्षी दलों तक की नजर है। मोर्चा के सदस्यों को लगता है कि इस महापंचायत से कृषि कानूनों के खिलाफ चल रहे आंदोलन को नई दिशा मिलेगी। इसमें यूपी के बाद सबसे ज्यादा पंजाबा, हरियाणा, उत्तराखंड व राजस्थान से किसान शामिल होंगे। इसके लिए संयुक्त किसान मोर्चा में शामिल वहां के किसान नेताओं ने पूरी व्यवस्था कर दी है।

संयुक्त किसान मोर्चा के सदस्यों के अनुसार पंजाब व हरियाणा के किसान संगठनों के नेताओं ने अपने साथ हजारों की संख्या में किसानों को लेकर आने का लक्ष्य तय किया है। यूपी के बाहर से आने वाले किसान संगठनों के नेता व किसान आज शाम तक मुजफ्फरनगर पहुंच जाएंगे, जिससे उनको महापंचायत के दिन किसी तरह की परेशानी नहीं हो। 

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मुजफ्फरनगर में किसानों के लिए चलाया गया है लंगर - फोटो : अमर उजाला
पांच हजार वालंटियर संभालेंगे व्यवस्था
राकेश टिकैत ने बताया बाहर से काफी संख्या में किसान-मजदूर इस पंचायत में पहुंचेंगे। इसको देखते हुए पांच हजार वालंटियर तैयार किए गए हैं। इन्हें बाकायदा पूरी पड़ताल के बाद आईकार्ड जारी किए जा रहे हैं। पुलिस के साथ मिलकर वालंटियर व्यवस्था को संभालने में मदद करेंगे। किसानानों के लिए भोजन की भी व्यवस्था की गई है।  धर्मेंद्र मलिक ने बताया कि किसान परिवारों से और किसानी के प्रति लगाव रखने वाले चिकित्सकों और चिकित्सालयों की मदद से करीब सौ मेडिकल कैंप लगाए जाएंगे। एंबुलेंस सेवा की भी व्यवस्था रहेगी।
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किसान महापंचायत - फोटो : अमर उजाला
किसान बिरादरी के स्वाभिमान का सवाल: चौधरी सुरेंद्र सिंह
बड़ौत देशखाप के चौधरी सुरेंद्र सिंह ने कहा कि किसान बिरादरी के स्वाभिमान का सवाल है। किसानों को एकजुट होकर आगे बढ़ना होगा। किसान मोर्चा का फैसला मान्य होगा। वहीं, देशवाल खाप के चौधरी शरणवीर सिंह ने कहा कि आंदोलन किसान के सम्मान की लड़ाई बन गया है।
 
किसान हितों के लिए सबको एकजुट होकर संघर्ष करना होगा। किसान ही अगर परेशान होगा तो कोई कौम खुश नहीं रह सकती। कालखंडे खाप के चौधरी संजय सिंह ने कहा कि किसान बेहद लाचार है। खेती करना महंगा हो गया है। डीजल के दाम बढ़ गए हैं। किसान की आय बढ़ानी है तो फसलों का रेट बढ़ाना होगा।
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