भीम आर्मी के संस्थापक चंद्रशेखर ने बदर अली से मुलाकात करने में सियासी दांव खेला। जेल में बदर से मिलने पर प्रशासन को आपत्ति होगी, इसकी जानकारी उसे पहले से थी। इसके चलते चंद्रशेखर ने गैंगेस्टर से मुलाकात करने की बात कहकर ऑनलाइन आवेदन किया। जबकि ठीक समय पर बदर के करीबी से एक पर्ची जेल में लगवा दी। जेल प्रशासन भी चंद्रशेखर के खेल को नहीं समझ सका।