फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Vikas Dubey News: अकाल मौत से बचने को महाकाल का सहारा, हिस्ट्रीशीटर महाकाल का है भक्त, हर दिन दो घंटे करता था पूजा-पाठ

Fri, 10 Jul 2020 03:07 AM IST
शिखा पांडेय न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
विज्ञापन
1 of 5
हिस्ट्रीशीटर विकास दुबे - फोटो : अमर उजाला
विकास दुबे महाकाल का भक्त है। हर दिन वो दो घंटे पूजापाठ करता है। उसे यकीन हो गया था कि यूपी पुलिस के हत्थे चढ़ा तो वह मार दिया जाएगा। शायद इसी अकाल मौत से बचने के लिए उज्जैन महाकाल मंदिर पहुंचा। उज्जैन पुलिस की पूछताछ में उसने खुलासा भी किया है कि मंदिर परिसर पहुंचकर वह खुद को सुरक्षित महसूस कर रहा था।
विज्ञापन

2 of 5
हिस्ट्रीशीटर विकास दुबे - फोटो : अमर उजाला
उज्जैन पुलिस ने विकास दुबे से लंबी पूछताछ की। इसके बाद वहां पहुंची यूपी एसटीएफ व पुलिस की टीम ने भी कई राज उगलवाए। इसमें उसने बताया है कि उसके साथी लगातार मुठभेड़ में मारे जा रहे थे। इसलिए उसने कुछ लोगों से राय ली और महाकाल जाने की बात कही।

 
विज्ञापन

3 of 5
हिस्ट्रीशीटर विकास दुबे - फोटो : अमर उजाला
तय योजना के मुताबिक वह महाकाल के दरबार पहुंचा। विकास ने बताया कि वह कानपुर के परमट मंदिर में भी हर सोमवार दर्शन करने जाता था। उसने बताया है कि 2001 में भाजपा नेता संतोष शुक्ला की शिवली थाने में की गई हत्या में वो आरोपी बना था। बरी होने पर उसने घर में मंदिर भी बनवाया था। 

 

4 of 5
विकास दुबे - फोटो : अमर उजाल ा
ऑपरेशन करा हाथ में डलवाया जीवन रक्षक कवच
विकास ने महंत शोभन सरकार के कहने पर 2003 में ऑपरेशन करवाकर हाथ के अंदर जीवनरक्षक दुर्गा कवच डलवाया था। इसके बाद से वह कहने लगा था कि ईश्वर के अलावा उसका कोई कुछ नहीं कर सकता। उसकी मां सरला देवी का भी यही कहना है। वो कह रही हैं कि बेटे को महाकाल ने बचाया है। हालांकि वारदात के ठीक बाद उनका कहना था कि जो कृत्य विकास ने किया है, उसका एनकाउंटर होना चाहिए।

 
विज्ञापन
विज्ञापन

5 of 5
उज्जैन में विकास दुबे गिरफ्तार - फोटो : अमर उजाला
शहडोल से उज्जैन पहुंचने की आशंका
पुलिस सूत्रों के मुताबिक विकास के शहडोल के बुढ़ार कस्बे से उज्जैन पहुंचने की आशंका है। मंगलवार को यूपी एसटीएफ ने शहडोल से उसके साले ज्ञानेंद्र और भतीजे आदर्श को उठाया था। विकास का साला मंगलवार से पहले तीन दिन के लिए कहीं गया था। वह कहां गया था, इसकी जानकारी पुलिस को नहीं लग पाई है। ऐसा माना जा रहा है कि विकास फरार होकर कानपुर से शहडोल पहुंचा। इसके बाद पुलिस की कार्रवाई से डरकर वह शहडोल और फिर उज्जैन पहुंचा।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें