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संजीत अपहरण एवं हत्याकांड: एक बार फिर से शुरू हुई संजीत के शव की तलाश, मोबाइल बरामद नहीं मिली लाश

Fri, 21 Aug 2020 03:46 PM IST
प्रभापुंज मिश्रा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
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एक बार फिर शुरु हुई संजीत के शव की तलाश - फोटो : amar ujala
कानपुर के चर्चित संजीत अपहरणकांड में पुलिस ने शुक्रवार को पांडु नदी की तलहटी में शव को तलाशने के लिए पोकलैंड की मदद ली। शुक्रवार को एसपी साउथ दीपक भूकर ने घटना स्थल का निरीक्षण कर मशीन की मदद से शव की तलाश फिर से शुरू कर दी है।

 
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संजीत अपहरण एवं हत्याकांड - फोटो : अमर उजाला
वहीं, संजीत का बैग व फिरौती में इस्तेमाल बैग की तलाश जारी है। एसपी साउथ ने बताया कि अपर्ह्ताओं ने संजीत का शव दो बोरियों में डाल कर पांडु नदी में फेंकने की बात कही थी। 10 दिनों तक पीएसी के गोताखोरों ने करीब 52 किमी तक नदी में सर्च ऑपरेशन चलाया लेकिन, शव का कुछ पता नहीं चल सका। उन्होंने बताया कि  ऊंचाई से फेंकने के कारण हो सकता है कि बोरियां तलहटी में धंस गई हों। जेसीबी से नदी में तलाश कर पाना मुश्किल बताया, ऐसे में पोकलैंड की मदद लेने की बात कही है।

 
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संजीत अपहरण एवं हत्याकांड - फोटो : amar ujala
सीडीआर और लोकेशन के आधार पर तय होगा राहुल का अपराध
संजीत अपहरण कांड में सबसे पहले नामजद हुए विश्वबैंक निवासी राहुल यादव से गुरुवार को एसपी साउथ दीपक भूकर ने पहली बार मुलाकात की। उन्होंने राहुल से अपने कार्यालय में घंटों पूछताछ की। उन्होंने बताया कि परिजनों ने राहुल पर भी अपर्ह्ताओं से मिले होने का शक जाहिर किया था। राहुल की सीडीआर डिटेल और 22 जून को राहुल की लोकेशन के आधार पर उसका अपराध तय होने की बात कही। सीडीआर की मदद से यह जानने का प्रयास किया जाएगा कि क्या राहुल ने कभी किसी भी अपर्ह्ता से फोन पर कोई बातचीत की थी। पूछताछ के बाद राहुल को घर भेज दिया गया।

 

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संजीत अपहरण एवं हत्याकांड - फोटो : amar ujala
क्या है पूरा मामला 
कानपुर के बर्रा से 22 जून को लैब टेक्नीशियन संजीत यादव (28) का अपहरण फिरौती के लिए उसके दोस्त ने साथियों के साथ मिलकर किया था। 26 जून को उसकी हत्या कर लाश पांडु नदी में फेंक दी थी। इसके बाद पुलिस को चकमा देकर 13 जुलाई को 30 लाख की फिरौती भी वसूल ली थी। 23 जुलाई की रात पुलिस ने मामले का खुलासा करते हुए दोस्त कुलदीप, रामबाबू समेत चार लोगों को गिरफ्तार किया था। पुलिस ने बताया था कि कुलदीप संजीत के साथ सैंपल कलेक्शन का काम करता था।

 
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kanpur kidnapping case - फोटो : amar ujala
उसने रतनलाल नगर में किराये पर कमरा ले रखा था। 22 जून की रात शराब पिलाने के बहाने वह संजीत को अपने कमरे में लाया था। इसके बाद उसे बंधक बना लिया था। चार दिन तक बेहोशी के इंजेक्शन देकर उसे बंधक बनाकर रखा था। 26 जून को कुलदीप ने अपने दोस्त रामबाबू और तीन अन्य के साथ मिलकर संजीत की हत्या कर दी थी। इसके बाद कुलदीप शव को अपनी कार में रखकर पांडु नदी में फेंक आया था।
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