कानपुुर हैलट में ‘मुर्दों’ को रेमडेसिविर इंजेक्शन लगाने के मामले में गठित कमेटी ने सोमवार को जांच पूरी कर ली। रिपोर्ट कार्यवाहक प्रिंसिपल को सौंप दी गई है। इसमें न्यूरो साइंसेज कोविड अस्पताल में तैनात सिस्टर इंचार्ज मंजुलिका मिश्रा और फार्मासिस्ट नागेंद्र बाजपेई को प्रथम दृष्ट्या दोषी पाया गया है। दोनों के निलंबन की संस्तुति की गई है। साथ ही न्यूरो साइंसेज कोविड अस्पताल के अधीक्षक और अस्पताल के चारों तल पर तैनात दो-दो नर्सिंग स्टाफ को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। इनसे 24 घंटे में जवाब मांगा गया है। अमर उजाला ने 12 जून के अंक में ‘मुर्दों’ को रेमडेसिविर इंजेक्शन लगाने के मामले का खुलासा किया था। इसके बाद हैलट की प्रमुुख चिकित्सा अधीक्षक डॉ. ज्योति सक्सेना की अगुवाई में बालरोग विशेषज्ञ डॉ. एके आर्या और चीफ फार्मेसिस्ट राजेंद्र पटेल की कमेटी जांच कर रही है।
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कोरोना से मौतें
- फोटो : amar ujala
गड़बड़ी के मामले में सोमवार को दिनभर छानबीन चली। टीम ने न्यूरो साइंसेज लेवल थ्री अस्पताल के स्टाफ को तलब किया था। एक-एक केस को लेकर उनके बयान दर्ज किए थे। खासतौर पर नर्सिंग स्टाफ, फार्मासिस्ट और वार्ड ब्वॉय से पूछताछ की गई।
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कोरोना से मचा कोहराम
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दो डॉक्टर समेत एक दर्जन स्टाफ संदिग्ध
जांच टीम ने उन रोगियों की बीएचटी (बेड हेड टिकट) मंगवाकर देखी, जिनके लिए रेमडेसिविर इंजेक्शन की सप्लाई की गई थी। जांच की सुई पैरा मेडिकल स्टाफ के इर्द-गिर्द घूमती रही। इसकी भी छानबीन की गई कि किसी रोगी को रेमडेसिविर देने का तरीका क्या होता है?
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कोरोना से मचा कोहराम
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यह भी कहा गया कि इंडेंट (मांगपत्र) पर नजर रखने की जिम्मेदारी स्टाफ नर्स की होती है। उस दौरान ड्यूटी पर रहे डॉक्टरों का भी ब्योरा लिया गया। देररात सिस्टर इंचार्ज और फार्मासिस्ट की भूमिका संदिग्ध पाई गई। कमेटी इनके जवाब से संतुष्ट नजर नहीं आई। प्रथम दृष्टया इन्हें दोषी माना गया। जांच कमेटी की नजर में दो डॉक्टरों समेत करीब एक दर्जन स्टाफ संदिग्ध हैं।
जांच जारी रहेगी, शासन को जाएगी रिपोर्ट
प्रमुख चिकित्सा अधीक्षक डॉ. ज्योति सक्सेना ने बताया कि जांच अभी जारी रहेगी। पहले चरण की जांच से प्राचार्य को अवगत करा दिया गया है। कार्यवाहक प्राचार्य डॉ. रिचा गिरि ने बताया कि गोपनीय जांच है। इसे बंद लिफाफे में जिलाधिकारी को सौंपा गया है। प्राचार्य जांच रिपोर्ट शासन को भी भेजेंगे। अब शासन स्तर से ही फैसला लिया जाएगा।