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PHOTOS: यमुना में तैरता यह 'राम' नाम लिखा पत्थर बना चर्चा का विषय  

Thu, 25 Jan 2018 02:07 PM IST
राघवेन्द्र सिंह यादव, अमर उजाला, कानपुर
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यमुना नदी के पानी में तैरता राम नाम लिखा पत्थर
कानपुर के सजेती इलाके में यमुना नदी के पानी मे तैरता 'राम' नाम लिखा एक भारी भरकम पत्थर चर्चा का विषय बना हुआ है ग्रामीण इसे किसी चमत्कार से कम नही मान रहे हैंं। हिन्दूधर्म ग्रंथो में सुना और पढ़ा गया है कि भगवान राम की त्रेतायुग में वानर सेना में शामिल नल और नील के द्वारा समुद्र में राम का नाम पत्थरों पर लिखकर डालने पर पत्थर पानी मे तैरने लगे थे और राम नाम के ही सहारे पूरी वानर सेना राम नाम के पत्थरों के पुल के जरिए लंका में प्रवेश किया था।
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पत्थर कहां से आया किसी को कुछ पता नहीं

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पानी में पत्थर तैरने की जानकारी देता ग्रामीण
ऐसा ही एक चौंका देने वाला मामला जनपद कानपुर में सजेती इलाके के मऊनखत गांव के पास से गुजरने वाली यमुना नदी में देखने को मिला, जहां यमुना नदी में राम नाम लिखा तैरता हुआ पत्थर देखकर गांव और आस-पास के लोगों में राम नाम की आस्था का ज्वार उमड़ पड़ा, हालांकि यह पत्थर यमुना नदी में कैसे पहुंचा और उस पर राम नाम कब और कहां लिखा गया, इसके बारे में किसी को भी जानकारी नहीं है।
 
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दर्शन के लिए जमावड़ा लग गया

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पानी में तैरता राम नाम लिखा पत्थर
यमुना नदी के पानी मे पत्थर तैरने की खबर जंगल मे फैली आग की तरह पूरे इलाके में फैल गई और उसे देखने व पत्थर के दर्शन के लिए आसपास के गांवों से लोगों का जमावड़ा लगने लगा। यही नहीं यहां पर लोग दर्शन कर पूजा तक करने लगे।
 

पत्थर का वजन करीब पन्द्रह किलो

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मछुआरा जिसे सबसे पहले दिखा था यह पत्थर
कानपुर शहर से करीब 70 किलोमीटर दूर सजेती थाना क्षेत्र का मऊनखत गांव यमुना नदी किनारे बसा है। प्रत्यक्षदर्शी कल्लू निषाद रोज की तरह यमुना नदी में मछलिया पकड़ने के लिए गया तभी सामने की तरफ से राम नाम लिखा तकरीबन पन्द्रह किलो का लगभग एक-डेढ़ फुट लंबा चौड़ा पत्थर तैरता हुआ चला आ रहा था।
 
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कल्लू निषाद की बात पर यकीन नहीं किया

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यमुना नदी के पानी में तैरता राम नाम लिखा पत्थर
यह देखकर पहले तो कल्लू को विश्वास ही नहीं हुआ, लेकिन बाद में उसने उस पत्थर को उठाकर नाव में रख लिया और पत्थर को नदी के किनारे पर रख दिया। साथ ही साथ कल्लू ने इस बात की जानकारी गांव के लोगों को दी। पहले तो ग्रामीणों ने कल्लू निषाद की बात पर यकीन नहीं किया, लेकिन जब ग्रामीणों ने राम नाम लिखा हुआ पत्थर दोबारा नदी में डाला तो पत्थर तैरने लगा।
 
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ग्रामीणों ने माना अलौकिक पत्थर

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यमुना नदी के पानी में तैरता राम नाम लिखा पत्थर
पानी में पत्थर तैरने की जानकारी मिलते ही वहां लोगों की भीड़ जुट गई और ग्रामीणों ने इस अलौकिक पत्थर की पूजा-अर्चना भी शुरू कर दी। लोगों ने इस अलौकिक पत्थर को यमुना किनारे स्थित हनुमान मंदिर में स्थापित कर दिया है, जहां दर्शन करने वालों का तांता लगा।
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