पढ़ाई में कमजोर होने के कारण डिप्रेशन में आया आईआईटी कानपुर का एक छात्र मां को फोन करने के बाद पंखे से फंदे पर लटक गया। रस्सी टूट गई तो वह फर्श पर गिर पड़ा। मां ने फोन कर घटना की जानकारी वार्डन को दी तो कमरे का दरवाजा तोड़कर छात्र की जान बचा ली गई। उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया है। मामले की जांच के लिए आईआईटी प्रशासन ने जांच कमेटी का गठन कर दिया है।
बीएस मैथ तृतीय वर्ष का छात्र मूल रूप से सोनीपत हरियाणा का रहने वाला है। पिछले कई दिनों से पढ़ाई में अच्छा परफॉरमेंस न कर पाने के चलते वह डिप्रेशन का शिकार हो गया था। उसे कुछ पारिवारिक परेशानी भी थी। इसके चलते वह और गंभीर हो गया। गुरुवार देर रात छात्र ने मां से फोन पर करीब आधे घंटे तक बातचीत की। मां से अपनी जान देने की बात कहकर उसने फोन काट दिया। इससे छात्र के घर में हड़कंप मच गया।
आनन-फानन में मां ने इसकी जानकारी हॉस्टल-5 के वार्डन को फोन पर दी। वार्डन तुरंत छात्रों के साथ छात्र के कमरे पर पहुंचे तो अंदर से दरवाजा बंद था। खिड़की से छात्रों ने देखा तो वह फर्श पर गिरा हुआ था। दरवाजा तोड़कर सभी अंदर पहुंचे और छात्र को तुरंत मधुराज हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया। आईआईटी प्रशासन के मुताबिक छात्र ने पंखे पर रस्सी का फंदा लगाकर जान देने की कोशिश की। रस्सी टूटने से वह फर्श पर गिर गया।
डीन एकेडमिक प्रो. नीरज मिश्रा ने बताया कि छात्र कुछ दिनों से डिप्रेशन में था लेकिन अभी तक इसका कारण नहीं पता चल पाया है। उन्होंने बताया कि छात्र पर किसी तरह का एकेडमिक प्रेशर नहीं था। प्रो. मिश्रा ने बताया कि छात्र की हालत में सुधार है। कैंपस आने के बाद उसकी काउंसलिंग कराई जाएगी। छात्रों पर पढ़ाई का किसी तरह से दबाव नहीं डाला जाता है।