फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

एकता हत्याकांड: मौत कैसे हुई…कारण जानने आई स्टेट फॉरेंसिक टीम, खोपड़ी का सीटी स्कैन कराने के निर्देश

Sat, 29 Mar 2025 01:35 PM IST
हिमांशु अवस्थी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर

सार

Kanpur News: एकता की पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मौत का कारण स्पष्ट न आने पर कोतवाली पुलिस ने स्टेट फॉरेंसिक टीम को पत्र भेजा था। इसी के चलते शुक्रवार को फॉरेंसिक सेल के संयुक्त निदेशक डॉ. कीर्ति वर्धन सिंह ने टीम के साथ कानपुर पहुंचकर जांच-पड़ताल की।
विज्ञापन
1 of 7
ekta murder case - फोटो : amar ujala
कानपुर में एकता गुप्ता की मौत का असली कारण जानने के लिए स्टेट फॉरेंसिक टीम शुक्रवार को शहर पहुंची। अधिकारियों के साथ करीब तीन घंटे तक केस डायरी का अध्ययन किया। टीम ने विवेचक को एकता की खोपड़ी का सीटी स्कैन और हड्डियों की एमआरआई कराने के निर्देश दिए। इसके साथ ही सुरक्षित रखे गए बिसरा का भी परीक्षण कराने के लिए कहा।

स्टेट फॉरेंसिक टीम डीएम कंपाउंड के पास स्थित आफीसर्स क्लब पहुंची और करीब एक घंटा तक आसपास का जायजा लिया। मिट्टी के सैंपल लेने के बाद लखनऊ लौट गई। सिविल लाइन निवासी शेयर ट्रेडिंग कंपनी में कार्यरत राहुल गुप्ता की पत्नी एकता 24 जून 2024 को ग्रीनपार्क स्थित जिम से लापता हो गई थी। 26 अक्तूबर को पुलिस ने इस मामले में जिम ट्रेनर विमल सोनी को गिरफ्तार किया था।
विज्ञापन

2 of 7
Kanpur Ekta Murder Case - फोटो : अमर उजाला
जांच रिपोर्ट आने के बाद पुलिस पूरक चार्जशीट कोर्ट में दाखिल करेगी
उसकी निशानदेही पर पुलिस ने डीएम कंपाउंड स्थित आफीसर्स क्लब से एकता का शव बरामद किया था। विमल का कहना था कि एकता उसकी शादी को लेकर विवाद कर रही थी। विवाद के बाद एकता की नाक में घूंसा मारा तो वह मर गई। डर के कारण एकता को डीएम कंपाउंड में गड्ढा खोदकर दफना दिया था। एकता की पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मौत का कारण स्पष्ट न आने पर कोतवाली पुलिस ने स्टेट फॉरेंसिक टीम को पत्र भेजा था। इसी के चलते शुक्रवार को फॉरेंसिक सेल के संयुक्त निदेशक डॉ. कीर्ति वर्धन सिंह ने टीम के साथ कानपुर पहुंचकर जांच-पड़ताल की। पुलिस अधिकारियों के मुताबिक जांच रिपोर्ट आने के बाद पुलिस पूरक चार्जशीट कोर्ट में दाखिल करेगी।
विज्ञापन

3 of 7
ekta murder case - फोटो : amar ujala
लखनऊ से फॉरेंसिक टीम आई थी। एकता के बिसरा का परीक्षण और उसकी खोपड़ी का सीटी स्कैन व एमआरआई कराने के लिए टीम ने कहा है। घटनास्थल से मिट्टी का नमूना भी टीम ने लिया है। टीम विभिन्न परीक्षणों की रिपोर्ट के आधार पर अपनी रिपोर्ट कोतवाली पुलिस को सौंपेगी।  -श्रवण कुमार सिंह, डीसीपी पूर्वी

4 of 7
ekta murder case - फोटो : amar ujala
अलग-अलग सतहों से लिया मिट्टी का नमूना
फॉरेंसिक टीम ने डीएम कंपाउंड के पास स्थित आफीसर्स क्लब में प्रवेश द्वार से लेकर शव को दफनाए जाने वाले स्थान के बीच की दूरियों का आकलन किया। टीम ने जिस जगह एकता का शव दफनाया था, वहां की मिट्टी का परीक्षण किया तो मिट्टी पथरीली मिली। इसके बाद टीम ने मिट्टी की अलग-अलग सतह की जांच कर नमूना एकत्रित किया।
विज्ञापन

5 of 7
ekta murder case - फोटो : amar ujala
बलुई मिट्टी होने पर गिरने से जल्दी मौत नहीं होती
मिट्टी का नमूना इसलिए लिया है ताकि पता लगाया जा सके कि मिट्टी बलुई है अथवा पथरीली। बलुई मिट्टी होने पर गिरने से जल्दी मौत नहीं होती है, जबकि पथरीली मिट्टी पर गिरने से मौत की आशंका अधिक बढ़ जाती है।
विज्ञापन

6 of 7
ekta murder case - फोटो : amar ujala
खुलासे के पांच महीने बाद भी नहीं मिली मौत की वजह
एकता गुप्ता हत्याकांड के खुलासे के करीब पांच माह बाद भी असली वजह का पता नहीं चल सका। ऐसे में अब कमिश्नरी पुलिस ने स्टेट मेडिको लीगल सेल का सहारा लिया है। एसीपी कोतवाली की ओर से स्टेट मेडिको लीगल सेल को जांच कर विचार देने के लिए पत्र लिखा था। पोस्टमार्टम रिपोर्ट हत्या की वजह नहीं पता चल सकी है। इस गुत्थी को सुलझाने के लिए ही स्टेट मेडिको लीगल टीम कानपुर पहुंची है।
विज्ञापन
विज्ञापन

7 of 7
ekta murder case - फोटो : amar ujala
आरोपी और मृतका की चैटिंग और सीडीआर भी ली
आने वाले दिनों में एकता की पोस्टमार्टम करने वाले डॉक्टरों से भी बात की जा सकती है। वहीं, लखनऊ से आई टीम की माने तो यह मामला चार्जशीटेड हो चुका है, लेकिन कमिश्नरी पुलिस आरोपी विमल सोनी को रिमांड में लेने के दौरान पूछताछ में वह तथ्य नहीं हासिल कर पाई, जिससे पूरे मामले को सुलझाने में मदद मिल सके। टीम ने पुलिस से आरोपी और मृतका की चैटिंग और सीडीआर भी ली है। अनुमान लगाया जा रहा है कि विमल को सजा दिलाने के लिए कुछ साक्ष्य कम थे, जिन्हें एकत्रित किया जा रहा है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें