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बस और ट्रक में भिड़ंत के बाद हुए तीन धमाके फिर आंखों के सामने... ट्रक की सीट पर जिंदा जल गया भाई

Sun, 12 Jan 2020 04:52 AM IST
प्रभापुंज मिश्रा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कन्नौज
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बस और ट्रक में लगाई आग, आंखों के सामने जिंदा जल गया भाई - फोटो : अमर उजाला
कन्नौज में हादसे का मंजर बयां करते-करते ट्रक चालक का चचेरा भाई बेसुध होने लगा। उसकी आंखों के सामने भाई सीट पर राख हो गया। वह कुछ नहीं कर सका। मैनपुरी जनपद के थाना कुरावली के लतीफपुर गांव निवासी रिंकू यादव (31) पुत्र पूरन सिंह उर्फ दुर्विजय मेहता ट्रांसपोर्ट कंपनी दिल्ली का ट्रक चलाता था।

 
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बस में लगी आग - फोटो : अमर उजाला
इसी कंपनी के ट्रक को चचेरा भाई शैलेष और पड़ोसी दोस्त देवेंद्र और अखिलेश चलाते हैं। गुरुवार को चारों ने दिल्ली से छत्तीसगढ़ के लिए परचून का सामान लोड कराया था। शुक्रवार सुबह चारों चालक अलग-अलग ट्रक लेकर गांव पहुंचे। यह घर पर रुके। शाम होने पर सभी एक साथ घर से निकले। शैलेष ने बताया कि सभी लोगों ने करीब आठ बजे बेवर में एक होटल पर खाना खाया था।

 
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kannauj road accident - फोटो : अमर उजाला
इसके बाद साथ-साथ निकले। सबसे आगे रिंकू चल रहा था। बाकी ट्रक पीछे थे। अचानक रिंकू का ट्रक बस से भिड़ गया। ट्रक रोक कर वह नजदीक पहुंचे। देखते ही देखते एक साथ ट्रक और बस में आग लग गई। उसने और दोस्तों ने रिंकू को निकालने की काफी कोशिश की। सफल नहीं हुए। हादसे में चोट लगने से रिंकू सीट पर बेहोश हो गया था। वह आंखों के सामने जलकर राख हो गया। रिंकू की शादी 2011 में प्रिया यादव से हुई थी। रिंकू की मौत से पूरा परिवार सदमे में है।

 

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kannauj road accident - फोटो : अमर उजाला
सर्दी के सितम ने बचाई क्लीनर की जान
हादसे के शिकार चालक रिंकू यादव के साथ पड़ोसी अरवेश ट्रक में क्लीनर का काम करता है। शुक्रवार शाम को रिंकू और अरवेश ट्रक लेकर निकल रहे थे। सीट पर बैठने के बाद अचानक अरवेश ने कहा कि उसे सर्दी लग रही है। इससे उसकी जाने की इच्छा नहीं है। अरवेश छत्तीसगढ़ जाने से मना करते हुए नीचे उतर गया। इससे उसकी जान बच गई।

 
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बस में लगी आग - फोटो : अमर उजाला
दमकल ने भाई पर एक बूंद भी पानी नहीं फेंका
हादसे के शिकार ट्रक चालक रिंकू के चचेरे भाई शैलेष ने बताया कि हादसे के करीब एक घंटे बाद दमकल की गाड़ी मौके पर पहुंची थी। कर्मियों ने बस पर तो पानी की बौछार मारी, ट्रक में फंसे भाई पर एक बूंद पानी नहीं फेंका। अगर दमकल टीम ने ट्रक की आग बुझाई होती तो शायद भाई की लाश मिल जाती। जब आग बुझी तो मौके पर सिर्फ राख का ढेर था, और कुछ नहीं।
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