उरई में डकोर ब्लॉक के कुसमिलिया गांव में लगी आग ने सिर्फ घर नहीं जलाए, बल्कि दर्जनों परिवारों के सपनों, उम्मीदों और बरसों की मेहनत को भी राख कर दिया। गांव में करीब 20 घर आग की चपेट में आ गए। किसी का अनाज जला, किसी की जमा पूंजी, तो किसी का पशुधन और बच्चों की किताबें तक आग में स्वाहा हो गईं।
सबसे ज्यादा पीड़ा लोगों को इस बात की है कि सूचना देने के करीब एक घंटे बाद दमकल की गाड़ियां गांव पहुंचीं, तब तक सबकुछ खत्म हो चुका था। ग्रामीणों का कहना है कि उरई से कुसमिलिया गांव की दूरी महज 10 किलोमीटर है, लेकिन दमकल विभाग को पहुंचने में करीब एक घंटा लग गया।