अमरोहा में सराफ और उनकी बेटी की घर में ही गला रेतकर हत्या करनेका मामला सामने आया है। दोनों के शव कमरे में फर्श पर पड़े थे। सीसीटीवी कैमरे बंद मिले हैं। पुलिस जांच में जुटी है।
विज्ञापन
1 of 8
अमरोहा में पिता-पुत्री की हत्या
- फोटो : अमर उजाला
अमरोहा के मोहल्ला कटरा गुलाम अली में रहने वाले सराफ योगेश चंद्र अग्रवाल (67) और उनकी बेटी सृष्टि (27) की घर में ही किसी धारदार हथियार से गला रेतकर हत्या कर दी गई। शनिवार सुबह पिता-पुत्री के शव कमरे में फर्श पर लहूलुहान हालत में पड़े मिले। दोनों के चेहरे पर कपड़ा पड़ा हुआ था। घर में लगे सीसीटीवी कैमरे पुलिस को बंद मिले। हत्या का कारण स्पष्ट नहीं हो सका है।
जीने पर पड़ी थीं खून की बूंदें
सराफ योगेश चंद अग्रवाल और उनकी बेटी सृष्टि की हत्या घर के भीतर की गई थी लेकिन घर की गैलरी से छत पर जाने वाले जीने की सीढ़ी पर भी खून की बूंदें पड़ी हुईं थीं। ऐसा प्रतीत हो रहा है कि हत्यारोपी वारदात को अंजाम देने के बाद छत पर गया था। फोरेंसिक टीम ने खून के सैंपल जांच के लिए ले लिए हैं।
घर के कैमरे बंद, पड़ोसियों के कैमरे में क्लू तलाश रही पुलिस
मृतक सराफ योगेश चंद्र अग्रवाल और उनके बेटे इशांक अग्रवाल के घर में सीसीटीवी कैमरे लगे हुए हैं लेकिन वह कैमरे बंद थे। जब छानबीन के दौरान पुलिस ने कैमरे चेक करने की कोशिश की तो हकीकत पता चली। इसके बाद पुलिस आसपास के घरों के बाहर लगे कैमरों में क्लू तलाश रही है।
वहीं पुलिस ने सराफ योगेश चंद्र के घर में लगे सीसीटीवी कैमरों का डीवीआर को जब्त कर लिया है। उसमें यह जांच की जा रही है कि कहीं वारदात से पहले हत्यारोपियों ने कैमरों को बंद तो नहीं किया था। अगर उसमें घटना से पहले की रिकॉर्डिंग मिलती हैं तो स्पष्ट हो जाएगा कि हत्या करने से पहले कैमरे बंद किए गए थे।
विज्ञापन
2 of 8
अमरोहा में पिता-पुत्री की हत्या
- फोटो : संवाद
रात में घर चला जाता है नौकर, खाना बनाने आती है नौकरानी
मृतक योगेश चंद्र अग्रवाल के घर पर मोहल्ला छंगा दरवाजा के रहने वाला नीरज यादव नौकरी करता है। दुकान के साथ घर के भी कुछ काम करता रहता है। जबकि एक महिला रोजाना घर में खाना बनाने आती है। दोनों ही लोग अपना काम पूरा करने के बाद घर चले जाते हैं। घटना के बाद योगेश चंद्र अग्रवाल के घर पहुंचे नौकर से भी पुलिस ने जानकारी जुटाई।
विज्ञापन
3 of 8
अमरोहा में पिता-पुत्री की हत्या
- फोटो : संवाद
इस दौरान नौकर नीरज यादव ने बताया कि वह शुक्रवार रात में करीब सात बजे जीने से छत पर जाने वाले गेट को बंद करके वह घर चला गया था। लेकिन जब सुबह देखा गया तो छत का दरवाजा खुला हुआ था। फिलहाल पुलिस नौकर और खाना बनाने वाली नौकरानी को हिरासत में लेकर पूछताछ कर रही है।
4 of 8
अमरोहा में पिता-पुत्री की हत्या
- फोटो : संवाद
सोफे के नीचे मिला सृष्टि का मोबाइल फोन
हत्या के बाद पुलिस ने घटनास्थल पर छानबीन की। मृतक योगेश चंद्र अग्रवाल और उनकी बेटी सृष्टि के शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। छानबीन के दौरान पता चला कि सृष्टि का मोबाइल गायब है। जब परिजनों ने उसके फोन पर कॉल की तो किसी ने फोन नहीं उठाया।
विज्ञापन
5 of 8
अमरोहा में पिता-पुत्री की हत्या
- फोटो : संवाद
जब पुलिस ने उस नंबर की लोकेशन निकलवाई तो घटनास्थल पर ही मिली। हालांकि बाद में पुलिस ने दावा किया कि फोन सोफे के नीचे बरामद हो गया है। हो सकता है कि आरोपियों से छीना- झपटी के दौरान फोन फर्श पर गिरकर सोफे के नीचे चला गया।
विज्ञापन
6 of 8
अमरोहा में पिता-पुत्री की हत्या
- फोटो : संवाद
एक ही दीवार के सहारे बने हैं पिता-पुत्र के घर
कटरा गुलाम अली शहर की सबसे पॉश कॉलोनियों में से एक है। क्योंकि शहर के अधिकांश व्यापारी तबके के लोग उसी मोहल्ले में रहते हैं। कटरा गुलाम अली से आंबेडकर पार्क की तरफ जाने वाले रास्ते पर योगेश चंद्र अग्रवाल का घर है। मुख्य मार्ग से करीब बीस-बीस मीटर की दो गली पार करके सराफ योगेश चंद्र अग्रवाल के घर में दाखिल हुआ जाता है। जबकि उनके बेटे इशांक अग्रवाल के घर का गेट मुख्य मार्ग पर है।
विज्ञापन
7 of 8
अमरोहा में पिता-पुत्री की हत्या
- फोटो : संवाद
इशांक अग्रवाल अपनी पत्नी और बच्चे के साथ दूसरी मंजिल पर रहते हैं। जबकि योगेश चंद्र अग्रवाल अपनी बेटी सृष्टि के साथ निचले हिस्से में रहते हैं। उनके घर की छत पर टेबल टेनिस खेलने के लिए टीन शेड पड़ी हुई है। जबकि इशांक अग्रवाल के घर का निचला हिस्सा पूरी तरह खाली है। वह उसमें अपनी गाड़ी खड़ी करते हैं। हालांकि दोनों घरों में आने जाने के लिए छत और नीचे दरवाजे लगे हुए हैं।
जानकारी मिलते ही व्यापारियों का लगा जमावड़ा
शहर के मोहल्ला गुजरी में सोने-चांदी के आभूषणों की दुकान चलाने वाले योगेश चंद्र अग्रवाल उनकी बेटी की हत्या की जानकारी मिलते ही उनके घर पर व्यापारियों का जमावड़ा लग गया। तमाम व्यापार संगठनों से जुड़े पदाधिकारी पहुंच गए और हर कोई हत्या की वजह जानने की कोशिश में लगा रहा।