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कुंभ 2019: जहां मोड़ा उधर मुड़ चला भीड़ का रेला, तस्वीरों में देखें आस्था का महासमुद्र

Tue, 05 Feb 2019 02:18 PM IST
vivek shukla न्यूज डेस्क, अमर उजाला, प्रयागराज
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Kumbh 2019
मौनी अमावस्या पर रविवार को ही एक करोड़ से ज्यादा लोग मेले में आ गए थे। यह सिलसिला सोमवार तक चलता रहा। सुबह 11 बजे के बाद श्रद्धालुओं की भीड़ मेले के बाहर बढऩे लगी तो पुलिस का ट्रैफिक प्लान पूरी तरह से ध्वस्त हो गया। आनन फानन में स्टेशनों, बस अड्डों तक पहुंचे के रास्तों पर बेरीकेडिंग कर सबको रोक दिया गया या डायवर्ट कर दिया। सिर पर गठरी लिए श्रद्धालुओं का रेला उधर ही मुड़ जाता जिधर उन्हें मोड़ा जाता। लाखों की संख्या में लोगों ने पैदल ही शास्त्री पुल, फाफामऊ पुल, नए यमुना पुल और पुराने पुल से बाहर गए। शटल बस तथा अन्य बसों से श्रद्धालुओंं को बाहर भेजने की व्यवस्था भीड़ की वजह से चरमरा गई थी।
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Kumbh 2019
मेला और जिला पुलिस के समन्वय में क्राउड कंट्रोल और ट्रैफिक के कई वैकल्पिक प्लान बनाए गए थे। सुबह 11 बजे तक सब ठीक चल रहा था। इसके बाद यकायक मेले से भीड़ का रेला निकलकर स्टेशनों और बस अड्डों की ओर बढऩे लगा। कुछ ही देर में पूरा जंक्शन, सिटी स्टेशन और प्रयाग रेलवे स्टेशन पूरी तरह से फुल हो गया। सड़कों की भीड़ लगातार स्टेशन के पास पहुंच रही थी। पुलिस और प्रशासन के अधिकारियों ने तुरंत निर्णय लिया कि भीड़ का प्रवेश स्टेशनों पर रोक दिया जाय। इसके बाद तो हालात बेकाबू होने लगे। बाहर भीड़ बढऩे लगी तो आस पास सड़कों पर ही बैठने लगे।
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mauni amavasya devotees crowd
कुछ देर बाद स्टेशनोंं तक जाने वाली रोड को पैदल श्रद्धालुओं के लिए भी बंद कर दिया गया। अब भीड़ को वैकल्पिक मार्गों पर डायवर्ट किया जाने लगा। पुलिस और प्रशासन के अधिकारियों ने कोशिश की कि ज्यादा से ज्यादा लोगोंं को पुलों के माध्यम से शहर से बाहर भेजा जाय। सिरों पर गठरी लादें बच्चोंं को साथ लिए भीड़ बेहाल होकर जिधर पुलिस वाले कहते, उधर मुड़ जाती। दिन भर में लाखों की संख्या में श्रद्धालुओंं को पैदल ही पुल पार कर दिया गया।

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mauni amavasya devotees crowd
उधर शहर में वाहन लगभग पूरी तरह से बंद कर दिए गए थे। जगह जगह बेरीकेडिंग और टीन लगाकर दो पहिया वाहनों को भी रोक दिया गया था। सुबह से शाम तक यह स्थिति बनी रही। न भीड़ का रेला कम हो रहा था न ही पुलिस वालों का डायवर्जन प्लान। लाखोंं की संख्या मेंं लोग देर रात तक जंक्शन और प्रयाग स्टेशन के सामने बैठे रहे। रामबाग स्टेशन के पास तो लोगों को बैठने भी नहीं दिया गया। वहां से जीआईसी होते ही लोगों को सिविल लाइंस की तरफ डायवर्ट कर दिया गया था।
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kumbh 2019
जगह जगह भंडारों से स्थिति थोड़ी संभली, पानी भी नहीं मिल रहा था सड़क पर
लाखों की संख्या मेंं श्रद्धालुओं को जब इधर उधर डायवर्ट किया जाने लगा तो वे भूख प्यास से बेहाल होने लगे, खासकर बच्चे। लेकिन शहर में जगह जगह चले रहे भंडारों ने श्रद्धालुओं की भूख प्यास को शांत किया लेकिन लाखों की संख्या में लोगों के लिए सड़क पर पानी तक नहींं था। मेले में तो जगह जगह पानी मिल जा रहा था लेकिन शहर में ऐसी कोई व्यवस्था नहीं थी।
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kumbh 2019
पुलिस वालों से जगह जगह झड़प 
एक सड़क से दूसरी सड़क तक भेजे जाने से परेशान श्रद्धालुओं की जगह जगह पुलिस से झड़प भी हुई। पुलिस वाले ऊपर के आदेश की मजबूरी बताते रहे तो श्रद्धालु अपनी अपनी परेशानियां। रामबाग चौराहे पर तो एसओ कीडगंज से कहा सुनी पर एक युवक को पुलिस वालों ने कई चांटे मार दिए। वह युवक अपने पिता के साथ आया था। उसे रामबाग होते हुए जंक् शन जाना था लेकिन भेजा जा रहा था, सिविल लाइंस। इसी कारण वह एसओ कीडगंज से बहस करने लगा था। सुबह से लोगों को रोक रहे पुलिस वाले भी शाम तक पूरी तरह बेकाबू हो गए थे। लोगों से बदतमीजी से बात कर उन्हें इधर उधर भेज रहे थे। 
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kumbh 2019
गंगा मइया बुलाए हैं, उनही भेजिहें 
जंक्शन के आस पास सड़कों पर दोपहर बाद से भक्तों का रेला लगा था। बड़ी संख्या में भीड़ बाहर सड़कों पर बैठी थी। उस क्षेत्र में जो भंडारे चल रहे थे, वह भी शाम तक खत्म हो गए थे। ट्रेनों की संख्या और उपलब्धता के आधार पर भीड़ को थोड़ा थोड़ा जंक्शन के अंदर भेजा जा रहा था। बाहर बैठीं निर्मला देवी को फतेहपुर जाना है। आठ के समूह में आई हैं। दो पुरुष भी साथ में हैं। घंटों हो गए थे, बाहर बैठे हुए। पूछने पर बोलीं, गंगा मइया बुलाए हैं, उनही भेजिहें। यही हाल अन्य लोगों का भी था।

लोग बैठे भगवान का नाम जप रहे थे। मेरठ से आए सुदेश सिंह और उनके साथ पांच दोस्तों ने तो वहीं कीर्तन की महफिल जमा ली। वे जब कीर्तन करने लगे तो तमाम दूसरे लोग भी उनके साथ शामिल हो गए। बाहर बैठे श्रद्धालुओं को कुछ पता नहीं था कि कब उन्हें ट्रेन या बस मिलेगी। रात में चाय पानी सारी दुकानें बंद थीं। परेशानी बढ़ रही थी। अधिकारियों का कहना था कि बहुत जल्द ही स्थिति सामान्य हो जाएगी।
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