शरद पूर्णिमा पर चांदनी में नहाए ताजमहल के दीदार के लिए रात्रि दर्शन की व्यवस्था सोमवार से शुरू हो गई। पहले दिन पांच बैच में 127 टिकट रविवार को बुक कराए गए थे, लेकिन लगातार बारिश से रात्रि दर्शन पर ग्रहण लगने की आशंका थी, पर रात 8.30 बजे जैसे ही ताज रात्रि दर्शन का पहला बैच शिल्पग्राम से निकला तो बादल छंटने शुरू हो गए और चांद की मद्धम रोशनी नजर आने लगी। पहले बैच में 25 पर्यटकों को आना था, लेकिन 23 ही पहुंच सके। दो पर्यटक रात्रि दर्शन के लिए नहीं आए। चांद की रोशनी देखते ही पर्यटकों के चेहरे खिल गए। गोल्फ कोर्ट से वह सुरक्षा जांच कराकर अंदर पहुंचे, जहां ताज के रॉयल गेट पर रेड सैंड स्टोन प्लेटफॉर्म से उन्होंने चांदनी रात में ताज का दीदार किया। पहले दिन अलग-अलग बैच में 120 पर्यटकों ने ताज देखा।