अंतरराष्ट्रीय पर्यावरण कार्यकर्ता 10 साल की लिसीप्रिया ने ताजमहल की पीछे यमुना किनारे प्लास्टिक कचरा दिखाते हुए ट्विटर पर एक फोटो साझा किया तो सपा नेता को भाजपा सरकार को घेरने का मौका मिल गया, लेकिन इस दौरान सपा नेता देशी और विदेशी की पहचान करने में बड़ी चूक कर गए। जब लिसीप्रिया ने खुद के विदेशी बताने सपा नेता को करारा जवाब दिया, तो ट्विटर पर सपा नेता के खिलाफ कमेंट्स की भरमार लग गई। दरअसल लिसिप्रिया 20 जून को पहली बार आगरा आई थीं। ताजमहल देखने के बाद वे पार्श्व में यमुना किनारा गई। जहां उन्हें प्लास्टिक कचरा फैला मिला। जिसका फोटो 21 जून को उन्होंने ट्विटर पर पोस्ट किया था। समाजवादी पार्टी के नेता मनीष जगन अग्रवाल ने मणिपुरी की बाल कार्यकर्ता लिसीप्रिया को विदेशी समझ लिया। बस पूरा माझरा यहीं से शुरू हुआ।
लिसीप्रिया कंगुजम ने प्लास्टिक के ढेर के बीच ताजमहल के पीछे खड़ी अपनी एक तस्वीर पोस्ट की। इस तस्वीर में उनके हाथ में एक तख्ती थी जिस पर लिखा था, ताजमहल की सुंदरता के पीछे प्लास्टिक प्रदूषण है। इसके बाद सपा के डिजिटल मीडिया समन्वयक मनीष जगन अग्रवाल ने तस्वीर का इस्तेमाल कर योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व वाली यूपी सरकार पर हमला किया।