आगरावासियों के लिए मंगल घड़ी आ चुकी है। सिया को वरने के लिए भगवान श्रीराम जनकपुरी के लिए प्रस्थान करने वाले हैं। बुधवार को शाम पांच बजे रावतपाड़ा से शुरू होने वाली एतिहासिक श्रीराम बरात में दर्शन के लिए लोग अधीर हो रहे हैं। वहीं जनक निवास बी 29 निर्भय नगर से सीताजी का डोला बैंडबाजों के साथ निकलेगा। जनकपुरी को भव्य रूप से सजाया गया है।
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जनक महल में सीता स्वरूप को मेहंदी लगातीं महिलाएं
- फोटो : अमर उजाला
राजा जनक बने कैलाश गुप्ता के निर्भय नगर स्थित निवास पर मंगल गीतों के बीच मंगलवार को सीता जी के स्वरूप के हाथों में मेहंदी रचाई गई। उधर, राजा दशरथ बने मुकेश गुप्ता के गुलमोहर एनक्लेव में भी मेहंदी की रस्म अदायगी का कार्यक्रम हुआ। यहां प्रभु श्रीराम, लक्ष्मण, भरत और शत्रुघभन के स्वरूपों को मेंहदी लगाई गई।
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भव्य रूप से सजाई गई जनकपुरी
- फोटो : अमर उजाला
यह रहेगा रूट
मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान श्रीराम की वर यात्रा लाला चन्नोमल की बारहदरी से प्रारंभ होगी, जो अपने परंपरागत मार्ग रावतपाड़ा, जौहरी बाजार, सुभाष बाजार, दरेसी, छत्ता, कचहरी घाट, बेलनगंज, धूलियागंज, पथवारी, घटिया आजम खां, फुलट्टी बाजार, किनारी बाजार होती हुई रावतपाड़ा पर पहुंचेगी। इसके बाद 26 की सुबह जनकपुरी (निर्भय नगर) पहुंचेगी।
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जनकपुरी महोत्सव
- फोटो : अमर उजाला
एतिहासिक श्रीराम बरात में देशभक्ति से ओतप्रोत झांकियां आकर्षण का केंद्र होंगी।
- चांदी का रथ : इसमें भगवान विष्णु और लक्ष्मीजी विराजमान होंगे।
- धारा 370 की झांकी : यह बेहद विशाल है, पुलवामा शहीदों को श्रद्धासुमन करती झांकी भी होगी।
- डांडिया: कलाकार नृत्य करते हुए चलेंगे, गरबा भी खेलेंगे।
- लठामार होली : बरसाने का रंग भी बरसेगा बरात में, गुलाल उड़ाते चलेंगे कलाकार।
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जनक महल में महिला संगीत का आयोजन
- फोटो : अमर उजाला
मंगलवार को राजा जनक के घर मेहंदी की रस्म के बाद महिला संगीत का कार्यक्रम हुआ। जनकपुरी महोत्सव के मीडिया प्रभारी अतुल दुबे के अनुसार बुधवार को जनक निवास बी 29 निर्भय नगर से सीताजी का डोला बैंडबाजों के साथ निकलेगा। रंगजीहाइट्स, शिव वाला आश्रम, महाराणा प्रताप पार्क, नीरज नगर, असोपा हॉस्पिटल, सुलभ बिहार, 80 फुटा रोड, जनक महल, देव नगर, जावा शोरूम, बीकानेर स्वीट्स खंदारी बाईपास चौराहे तक रहेगा।
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दशरथ नंदन के हाथों में लगाई मेहंदी
- फोटो : अमर उजाला
राजा दशरथ अपने चारों पुत्रों के साथ बरात ले जाने की तैयारियों में व्यस्त रहे। साथ ही अयोध्यावासी भी व्यस्त रहे। जिनके उत्साह और उमंग का कोई ठिकाना नहीं था। वर बने प्रभु श्रीराम और भाइयों के चेहरे भी हर्षित थे। मंगलवार को राजा दशरथ बने मुकेश गुप्ता के गुलमोहर एनक्लेव में भी मेहंदी रस्म अदायगी का कार्यक्रम हुआ। प्रभु श्रीराम, लक्ष्मण, भरत और शत्रुघ्न के स्वरूपों को मेहंदी लगाई गई।
भगवान राम और उनके भाइयों के स्वरूपों की आरती करतीं महिलाएं
- फोटो : अमर उजाला
पल्स रिसॉर्ट, जेपी होटल के सामने फतेहाबाद रोड पर दशरथ महल पर बधाई गान हुआ। रघुनंदन तो ऐसे सज गए जैसे श्री भगवान.., रघुनंदन ने लगाई सिया नाम की मेहंदी..., आज तो बधाई बाजी दशरथ महल में..., गीतों के साथ दशरथ महल में सुबह से ही ढोलक बज रही थी। महिलाएं नृत्य कर रही थीं। रानी कौशल्या ने प्रभु श्रीराम की आरती उतारी।