आगरा के सिकंदरा की रंगोली कॉलोनी के रहने वाले बीएसएनएल के सेवानिवृत्त कर्मचारी देवदत्त शर्मा के घर में कोहराम मचा हुआ है। बेटे जितेंद्र की मौत से पूरा परिवार टूट गया है। पिता के दिल में एक ही दर्द है कि पुलिस उनकी सुन लेती तो आखरी बार तो बेटे का चेहरा देख लेते। उनका कहना है कि विवेचक की लापरवाही की वजह से बेटे की अर्थी को कंधा भी नहीं दे सके। अब वो कार्रवाई का नाटक कर रहे हैं। बेटे की हत्या की गई है। कई नाम और नंबर पुलिस को दिए, लेकिन दो महीने में अब तक कोई सुनवाई नहीं की गई।
रंगोली कॉलोनी का रहने वाला जितेंद्र शर्मा बीए का छात्र था। 22 अगस्त को घर से निकला था। इसके बाद लापता हो गया था। अगले ही दिन उसका शव दिल्ली में मिला था। वहां शिनाख्त न होने के कारण पुलिस ने लावारिस में अंतिम संस्कार कर दिया। दो महीने बाद परिवार को उसकी मौत का पता चला तो मां-बाप बेसुध हो गए।