अरशद नदीम
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नदीम ने गुरुवार को पेरिस से अपने माता-पिता को पहला संदेश दिया कि वह अब अपने गांव में या उसके आसपास एथलीटों के लिए एक उचित अकादमी बनाने के लिए दृढ़ संकल्पित हैं। उनके पिता मुहम्मद अरशद ने बताया, 'हम उसे इतनी लोकप्रियता देने के लिए शुक्रगुजार हैं। उसने उम्मीद जताई कि यह ओलंपिक स्वर्ण पदक अब ग्रामीण क्षेत्र में खिलाड़ियों के लिए एक खेल अकादमी बनाने के उसके प्रयास में मदद करेगा।'
पाकिस्तान में कई वर्षों तक राष्ट्रीय एथलेटिक्स निकाय का नेतृत्व करने वाले जनरल (रिटायर) मुहम्मद अकरम साही को भरोसा है कि अरशद की उपलब्धि से देश में एथलेटिक्स की लोकप्रियता में इजाफा होगा। उन्होंने कहा, 'मैं कई और अरशद नदीम को पाकिस्तान के लिए पदक जीतते हुए देखना चाहता हूं। नीरज चोपड़ा जब उभरे तो उन्होंने भारत में गैर क्रिकेट खिलाड़ियों पर बड़ा प्रभाव डाला और उम्मीद है कि पाकिस्तान में भी ऐसा होगा।'