Gangajal ka mahatv: सावन शिवरात्रि का त्योहार सावन या सावन माह के कृष्ण पक्ष की चतुर्थी के दिन मनाया जाता है। सावन शिवरात्रि भगवान शिव की पूजा का दूसरा सबसे बड़ा दिन है। वैसे तो सावन का हर दिन भगवान भोलेनाथ की पूजा के लिए शुभ है लेकिन सावन शिवरात्रि के दिन का विशेष महत्व है। इस दिन कई पवित्र नदियों से जल विशेष रूप से गंगा मैया का जल लाकर भगवान भोलेनाथ का जलाभिषेक किया जाता है। इस बार सावन शिवरात्रि 2 अगस्त को मनाई जाएगी। आपने देखा होगा लोग घर में गंगाजल तो ले आते हैं लेकिन इसे रखने का नियम नहीं जानते। गंगाजल को पवित्र माना जाता है तथा शास्त्रानुसार पूजा-पाठ के अलावा किसी भी चीज को शुद्ध करने के लिए इसका प्रयोग किया जाता है। इसलिए घरों में इसे रखते हुए इसकी पवित्रता को बनाए रखने के लिए कुछ शास्त्रीय नियमों का पालन करना आवश्यक है। आइए जानते हैं उन नियमों के बारे में।