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Masik Shivratri 2023: इस साल की आखिरी मासिक शिवरात्रि आज, जानिए पूजा विधि और महत्व

Mon, 11 Dec 2023 10:39 AM IST
आशिकी पटेल धर्म डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
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इस दिन है साल 2023 की आखिरी मासिक शिवरात्रि, जानिए पूजा विधि और महत्व - फोटो : iStock
Masik Shivratri 2023: आज यानी 11 दिसंबर को मासिक शिवरात्रि है। यह व्रत प्रत्येक माह में कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी तिथि पर रखा जाता है। मासिक शिवरात्रि शिव जी को समर्पित है। यह तिथि शिव भक्तों के लिए विशेष महत्व रखती है। मान्यता है कि प्रत्येक शिवरात्रि के दिन व्रत रखकर पूजा करने से शिव जी अपने भक्तों पर प्रसन्न होते हैं और सभी कष्टों को दूर करते हैं। इस दिन शिव जी के साथ मां पार्वती की भी पूजा की जाती है। कहा जाता है कि जो व्यक्ति मासिक शिवरात्रि का व्रत विधि पूर्वक से रखता है, उसे भगवान शिव का आशीर्वाद प्राप्त होता है। उसके जीवन में सुख-शांति बनी रहती है और संतान प्राप्ति, रोगों से मुक्ति के लिए भी मासिक शिवरात्रि का व्रत रखा जाता है। इस समय दिसंबर का महीना चल रहा है। ऐसे में आइए जानते हैं साल 2023 की अंतिम शिवरात्रि की पूजा विधि और महत्व है...
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इस दिन है साल 2023 की आखिरी मासिक शिवरात्रि, जानिए पूजा विधि और महत्व - फोटो : iStock
साल 2023 की अंतिम मासिक शिवरात्रि कब है?
मार्गशीर्ष माह के कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी तिथि की शुरुआत 11 दिसंबर सोमवार को सुबह 07 बजकर 10 मिनट से होगी। इस तिथि का समापन 12 दिसंबर मंगलवार को सुबह 06 बजकर 24 मिनट पर होगा। मासिक शिवरात्रि की पूजा निशित मुहूर्त होती है, इसलिए साल 2023 की अंतिम शिवरात्रि 11 दिसंबर को मनाई जा रही है। 
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इस दिन है साल 2023 की आखिरी मासिक शिवरात्रि, जानिए पूजा विधि और महत्व - फोटो : iStock
शिव पूजा का मुहूर्त
मासिक शिवरात्रि की पूजा का शुभ मुहूर्त रात 11 बजकर 47 मिनट से रात 12 बजकर 42 मिनट तक है। इस दिन आपको शिव पूजा के लिए 55 मिनट का समय प्राप्त होगा।

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इस दिन है साल 2023 की आखिरी मासिक शिवरात्रि, जानिए पूजा विधि और महत्व - फोटो : iStock
मासिक शिवरात्रि पूजा विधि  
  • मासिक शिवरात्रि के दिन सबसे पहले सुबह जल्दी उठकर स्नान आदि करने के बाद साफ कपड़े पहने। 
  • फिर घर के मंदिर में दीप प्रज्वलित करें। यदि घर में शिवलिंग है तो शिवलिंग का गंगा जल, दूध, आदि से अभिषेक करें।
  • इसके बाद भगवान भोलेनाथ को बेलपत्र चढ़ाएं। 
  • इस दिन भगवान शिव के साथ ही माता पार्वती की पूजा अर्चना भी करें। 
  • भगवान भोले शंकर और मां पार्वती को भोग लगाएं। 
  • पूजा के दौरान ''ऊँ नम: शिवाय'' मंत्र का जप करें। इसके बाद भगवान शिव की आरती करें।
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इस दिन है साल 2023 की आखिरी मासिक शिवरात्रि, जानिए पूजा विधि और महत्व - फोटो : Instagram
मासिक शिवरात्रि व्रत और पूजा का महत्व 
मासिक शिवरात्रि का व्रत करना बेहद उत्तम माना जाता है। कहा जाता है कि जो भी व्यक्ति इस दिन उपवास करता है, उसे मोक्ष, मुक्ति की प्राप्ति होती है और वह स्वस्थ और समृद्ध जीवन व्यतीत करता है। यदि आप सुखी दांपत्य जीवन और अखंड सौभाग्य की कामना रखते हैं तो मासिक शिवरात्रि का व्रत जरूर रखना चाहिए।
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