रंगभरी एकादशी 2025
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रंगभरी एकादशी का महत्व
रंगभरी एकादशी के दिन भगवान विष्णु के साथ-साथ भोलेनाथ और मां पार्वती की पूजा की जाती है। इस दिन व्रत रखने से सुख और समृद्धि की प्राप्ति होती है। आंवले के पेड़ की भी इस दिन विधिपूर्वक पूजा की जाती है। रंगभरी एकादशी पर किसी मंदिर में आंवला वृक्ष लगाना अत्यंत शुभ माना जाता है। इसके अलावा, इस दिन काशी विश्वनाथ की नगरी वाराणसी में भगवान शिव और माता पार्वती की आराधना की जाती है। रंगभरी एकादशी के व्रत का पारण करने के बाद श्रद्धा के अनुसार अन्न, धन और अन्य वस्तुओं का दान करना चाहिए।
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