Janmashtami katha 2024: सनातन धर्म में श्रीकृष्ण जन्माष्टमी का विशेष महत्व है। हिंदू धर्मशास्त्रों में चार रात्रियों का विशेष महत्त्व बताया गया है। शिवरात्रि जिसे महारात्रि कहते है, दीपावली जिसे कालरात्रि कहते है, होली अहोरात्रि है तो कृष्ण जन्माष्ठमी को मोहरात्रि कहा गया है। श्रीकृष्ण जन्माष्टमी से संबंधित कई कथाएं प्रचलित हैं, जैसे- भगवान श्रीकृष्ण जन्म के संयोग मात्र से ही बंदीगृह के सभी बंधन स्वतः ही खुल गए, सभी पहरेदार घोर निद्रा में चले गए। मां यमुना जिनके चरण स्पर्श करने को आतुर हो उठीं, ऐसे भगवान श्रीकृष्ण को मोह लेने वाला अवतार माना गया है।