असफलताओं को चुनौती मान जो आगे बढ़ता है उसे ही मंजिल मिलती है। ऐसा ही कुछ कर दिखाया है देवभूमि हिमाचल की यूथ बिग्रेड ने। हिमाचल प्रदेश प्रशासनिक सेवा संयुक्त प्रतियोगी परीक्षा में इन युवाओं ने मेहनत के दम पर दूसरों को यह संदेश दिया है कि जिंदगी में मुश्किल कुछ नहीं। इन युवाओं में कुछ ऐसे भी हैं जो पहले से अफसर हैं, लेकिन इन्हें उच्च पद पर जाना था। अभिषेक बरवाल वन विभाग में सहायक अरण्यपाल, तीसरे स्थान पर रहे दीक्षित राणा जिला नियंत्रक खाद्य आपूर्ति और पांचवें स्थान पर रहे चिराग एक्साइज इंस्पेक्टर के पद पर कार्यरत हैं। सातवें स्थान पर आए मयंक शर्मा एक्साइज इंस्पेक्टर के पद पर कार्यरत हें। इन तीनों ने उच्च पद प्राप्त करने के लिए महनत जारी रखी। राज्य सरकार को सात हिमाचल प्रदेश प्रशासनिक सेवा (एचएएस) और चार हिमाचल प्रदेश पुलिस सेवा (एचपीएस) अधिकारी और मिल गए हैं। लोक सेवा आयोग ने हिमाचल प्रदेश प्रशासनिक सेवा संयुक्त प्रतियोगी परीक्षा-2020 का परिणाम जारी किया। कुल 16 अभ्यर्थियों का चयन किया गया है।
प्रयास करने से मिलती है सफलता : अभिषेक
हिमाचल प्रदेश प्रशासनिक सेवा परीक्षा में टॉप करने वाले अभिषेक बरवाल ने मार्च 2022 में घोषित हुए प्रदेश वन सेवा की परीक्षा में तीसरा स्थान प्राप्त किया था। वर्तमान में अभिषेक फोरेस्ट डिविजन शिमला में बतौर सहायक अरण्यपाल के पद पर कार्यरत हैं। मंडी जिले के संधोल के रहने वाले अभिषेक ने चौथे प्रयास में एचएएस की परीक्षा उत्तीर्ण की है। अभिषेक ने बताया कि लगातार प्रयास करने से ही सफलता प्राप्त होती है। परीक्षा पास नहीं होने की स्थिति में हार मानकर नहीं बैठना चाहिए। अभिषेक ने हमीरपुर, नाहन और सुंदरनगर में स्कूली शिक्षा प्राप्त की है। वर्ष 2015 में एनआईटी हमीरपुर से इंजीनियरिंग की डिग्री लेकर कुछ समय तक निजी कंपनी में नौकरी भी की। अभिषेक की बहन स्वाती बरवाल जिला कचहरी धर्मशाला में बतौर सिविल जज कार्यरत हैं। अभिषेक ने अपनी सफलता का श्रेय परिजनों को दिया है।