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सावधान! इन नंबरों से कॉल आए तो न करें रिसीव, कट जाएंगे पैसे

Mon, 03 Oct 2016 04:20 PM IST
टीम डिजिटल/अमर उजाला, शिमला
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सावधान! यदि आपके मोबाइल स्क्रीन पर कुछ अजीब नंबरों से कॉल आ रही है तो उसे रिसीव न करें। यह प्रीमियर कॉल है और नाइजीरिया से साइबर क्रिमिनल कर रहे हैं। इसमें फोन सुनने पर भी आपको पैसे चुकाने पड़ेंगे। आइए जानते हैं कैसे ये लोगों को चूना लगा रहे हैं-
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260+234 और +372 कोड से अगर आपके मोबाइल पर कॉल आए और आपने रिसीव कर लिया तो शातिर आपके साथ हिंदी में बात करेगा। आप से कहेगा कि आपकी लॉटरी निकली है या आपसे कहेगा कि हादसे में आपका रिश्तेदार घायल हो गया है या फिर खुद को बैंक का अधिकारी बताकर बैंक खातों की डिटेल लेने की कोशिश करेगा।
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उसकी यही कोशिश रहेगी वह ज्यादा से ज्यादा आपके साथ बातचीत करे। कॉलर आपके साथ हिंदी में बात करेगा और इससे प्रति मिनट आपको तीन सौ रुपये का चूना लगेगा। इसकी जानकारी आपको नहीं होगी।

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शातिरों का नेटवर्क जबरदस्त है वह केवल पोस्टपेड नंबर के उपभोक्ताओं को ही अपना निशाना बना रहे हैं क्योंकि उपभोक्ता को मौके पर पता नहीं चल पाता कि उसके साथ ठगी हुई है। ठगी का पता तब चलेगा जब भारी भरकम बिल सामने होगा। उसके बाद जब वह संबंधित मोबाइल कंपनी से इस बारे में बात करते हैं तब पता चलता है कि उक्त नंबर से बात हुई थी और जिस नंबर से बात हुई उसने प्रीमियम चार्ज किया है।
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ये शातिर दो तरह से काम कर रहे हैं। किसी के मोबाइल पर केवल मिस कॉल देंगे अगर किसी ने कॉल वापिस कर दी तो भी प्रति मिनट 400 रुपये बिल में जुड़ जाएगा। अगर किसी ने कॉल रिसीव कर ली तो भी उपभोक्ता का लुटना तय है।
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इस तरह के सैकड़ों मामले रोजाना आ रहे हैं।  इनके शिकार आईएएस अफसर से लेकर पुलिस वाले भी हो चुके हैं। हिमाचल पुलिस मुख्यालय के साइबर सैल ने अलर्ट जारी कर मोबाइल उपभोक्ताओं से सतर्क रहने की अपील की है।
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साइबर सैल में रोजाना इस तरह की दर्जनों शिकायतें आ रही हैं। हद तो तब हो गई जब इन शातिरों की कॉल प्रदेश पुलिस मुख्यालय में तैनात कर्मचारियों को भी आने लगे।

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नाइजीरिया में जिस मोबाइल कंपनी के यह नंबर है सारा पैसा प्रीमियम चार्ज के तौर पर कंपनी के खाते में जाता है। साइबर सैल की अब तक की तफ्तीश के मुताबिक कंपनी और शातिरों का इसमें 50-50 फीसदी हिस्सेदारी रहती है। ऐसे नंबरों पर अंकुश लगा पाना फिलहाल संभव नहीं है, लिहाजा उपभोक्ताओं को जागरूक करने की जरूरत है।

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एसपी साइबर क्राइम संदीप धवल ने कहा कि मोबाइल उपभोक्ता 26095343130 या 260953543142 (+ 260+234 और +372) नंबर की कॉल रिसीव न करें और न ही इन नंबरों से आई मिस कॉल का जवाब दें।
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ऐसी दर्जनों शिकायतें आ रही हैं। कॉल सुनने में भी प्रति मिनट करीब 350- 400 रुपये का बिल बन रहा है। यह कॉल नाइजीरिया से आ रही है। इन्हें नजरअंदाज करें। साइबर सैल मामले की जांच कर रहा हैं।
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