ढोल की थाप पर आपने इंसानों को तो नाचते देखा होगा, लेकिन ढोल की ताल पर रेगिस्तान के जहाज को आप पहली बार तस्वीर में नाचते हुए देख रहे होंगे। ढोल की थाप और उसके साथ थिरकते ऊंट के कदम को देखते ही वहां मौजूद हजारों लोगों ने इस नजारे को अपनी करतल ध्वनि से सराहा। मौका था बीकानेर में आयोजित हुए अंतरराष्ट्रीय ऊंट उत्सव का, जहां शनिवार को दूसरे दिन कैमल डांस, केमल फर कटिंग और कैमल रेस का आयोजन किया गया।