फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

लोहिया अस्पतालः मरीजों को जमीन पर लिटाकर चढ़ाया ग्लूकोज और दिया इंजेक्शन, तस्वीरें

Thu, 28 Mar 2019 01:40 PM IST
ishwar ashish न्यूज डेस्क, अमर उजाला लखनऊ
विज्ञापन
1 of 5
मरीज का जमीन पर लिटाकर इलाज - फोटो : amar ujala
डॉक्टर साहब! इमरजेंसी में बेड नहीं है, मरीज कहां लिटाए? डॉक्टर साहब, मरीज खड़ा नहीं हो पा रहा है, चलो लिटा दो जमीन पर। ये हालात बुधवार दोपहर लोहिया अस्पताल की इमरजेंसी के हैं। इमरजेंसी में बेड और स्ट्रेचर फुल होने पर मरीजों को जमीन पर लिटा दिया गया। डॉक्टर और नर्स जमीन पर लिटाकर मरीजों का इलाज कर रहे थे। अस्पताल प्रशासन का कहना है कि तीमारदारों ने खुद जमीन पर लिटाया होगा। मामले की जांच कराई जाएगी।
विज्ञापन

2 of 5
मरीज का जमीन पर लिटाकर इलाज - फोटो : amar ujala
लोहिया अस्पताल की इमरजेंसी में इन दिनों एसी प्लांट लगाया जा रहा है। इस वजह से इमरजेंसी से स्ट्रेचर कम कर दिए गए हैं। वहां पर महज छह स्ट्रेचर पड़े हैं, जो हर वक्त फुल रहते हैं। ऐसे में आने वाले अति गंभीर मरीज स्ट्रेचर खाली न होने पर उन्हें जमीन पर लिटा दिया जाता है। यहां एक या दो नहीं बल्कि पांच मरीज अलग-अलग जगह पर फर्श पर लेटकर उपचार कराते मिले। विभिन्न वार्डो में रखे गए स्ट्रेचरों का भी यही हाल है। किसी का पहिया टूटा है तो किसी का हैंडिल।
विज्ञापन

3 of 5
मरीज का जमीन पर लिटाकर इलाज - फोटो : amar ujala
आधे घंटे दर्द से कराहती रही
फतेहपुर, बाराबंकी निवासी शकिया (30) को परिवारीजन दोपहर करीब सवा दो बजे तीमारदार लाए थे। बेड-स्ट्रेचर खाली न होने पर तीमारदारों ने उसे ईएमओ कक्ष के सामने जमीन पर लिटा दिया। करीब आधे घंटे तक वह दर्द से कराहती रही। इस दौरान आई एक नर्स ने जमीन पर लिटाकर उसे इंजेक्शन लगाया। वहीं नीलमथा से आई चंद्रकला (35) के पेट में पानी भर गया था। परिवारीजन इमरजेंसी में दोपहर करीब दो बजे लेकर आए थे। यहां पर स्ट्रेचर खाली न होने पर उसे जमीन पर लिटा दिया गया। नर्स मरीज को ग्लूकोज चढ़ाने के लिए वहीं बोतल टांग कर चली गई।

 

4 of 5
मरीज - फोटो : amar ujala
टूटे स्ट्रेचर से लुढ़का मरीज
लोहिया अस्पताल आए बाराबंकी से आए मरीज राम खिलावन (60) को तीमारदारों ने जैसे ही इमरजेंसी के अंदर पड़ी स्ट्रेचर पर लिटाया तो मरीज स्ट्रेचर पर आधा लटक गया। तीमारदार उसे किसी तरह पकड़कर स्ट्रेचर से नीचे उतारा। इसके बाद आए एक गार्ड ने टूटी स्ट्रेचर में पट्टी से कसकर दोबारा मरीज को लिटाया। तीमारदारों का आरोप है कि इमरजेंसी में टूटी स्ट्रेचर पर मरीज को लिटा दिया। गनीमत रही मरीज संभल गया वरना जमीन पर औंधे मुंह गिर जाता।
विज्ञापन
विज्ञापन

5 of 5
मरीज का जमीन पर लिटाकर इलाज - फोटो : amar ujala
मामले की जानकारी नहीं है, कराएंगे जांच
मरीज को जमीन पर लिटाकर इलाज कराने का मामला संज्ञान में नहीं है। ऐसा संभव नहीं है। इमरजेंसी में कई स्ट्रेचर व व्हीलचयेर है। अगर ऐसा हुआ होगा तो मामले की जांच कराकर कार्रवाई की जाएगी - डॉ डीएस नेगी, निदेशक लोहिया अस्पताल
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें