हंगामा कर रहे परिजनों का पक्ष जानने की कोशिश करते हुए पुलिसकर्मी।
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हंगामे के बाद पहुंचे अधिकारी
हंगामे को देखते हुए अपर कलेक्टर के निर्देश पर पुलिस के साथ बांधवगढ़ के तहसीलदार एआर चिरावन मौके पर पहुंचे। उन्होंने पीड़ित पक्ष को सुना। उन्हें आश्वस्त किया कि मामले की जांच की जाएगी। बच्चे की लाश की वीडियोग्राफी करवाई गई। पोस्टमार्टम करवाया गया। जल्द ही सच सामने आएगा।
सिविल सर्जन ने दिया जांच का आश्वासन
सिविल सर्जन केसी सोनी ने बताया कि मैंने खुद गायनेकोलॉजिस्ट से बात की है। बच्चा 48 घंटे पहले ही खत्म हो गया था। उसके बाद ही ब्लीडिंग शुरू हुई थी। अंदर ही उसका शरीर सड़ने लगा था। अगर गर्दन धड़ से अलग दिख रही है तो उसकी वजह लाश का अंदर ही सड़ना है। महिला को बचाने के लिए हमें जल्द से जल्द उसे बाहर निकालना पड़ा। अब इस मामले में लापरवाही की गई है या नहीं, इसका पता तो जांच के बाद ही चल सकेगा। हमने कमेटी बनाई है। जल्द ही सभी पक्षों को सुनने के बाद रिपोर्ट आएगी। तब ही कहा जा सकेगा कि लापरवाही हुई है या नहीं।