फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

मोदी नहीं समझ सकते एक मां का दर्द, क्योंकि उनके कोई बच्चा नहीं: रोहित वेमुला की मां

Sun, 09 Oct 2016 09:48 PM IST
टीम डिजिटल/अमर उजाला, लखनऊ
विज्ञापन
1 of 10
रोहित वेमुला की मां राधिका वेमुला ने भाजपा पर जाति बदलने का आरोप लगाते हुए भाजपा व आरएसएस को रोहित की मौत का जिम्मेदार ठहराया।
विज्ञापन

2 of 10
उन्होंने कहा, मेरे बेटे रोहित की आत्महत्या मामले की जांच केलिए गठित एके रूपनवाला कमेटी ने भाजपा के इशारे पर हमारी जाति बदली है। कमेटी का आरोप है कि हमने सिर्फ लाभ लेने के लिए एससी का सर्टिफिकेट बनवाया था। कमेटी ने हमारा पक्ष ठीक से नहीं सुना और रिपोर्ट बना दी। मैं इस कमेटी की रिपोर्ट को नहीं मानती और बेटे को न्याय दिलाने के लिए जनता के बीच जाकर विरोध करूंगी’।
विज्ञापन

3 of 10
उन्होंने ये बातें शनिवार को आरक्षण समर्थक राष्ट्रीय छात्र संसद में कहीं। इस दौरान वे अपने बेटे को याद कर कई बार भावुक हो उठीं।

4 of 10
राधिका ने कहा, उनका बेटा भाजपा और आरएसएस की गंदी राजनीति की बलि चढ़ गया। रोहित कई बार हैदराबाद केंद्रीय विश्वविद्यालय के खराब माहौल और वहां दलितों की स्थिति को लेकर अपने भाई राजा व दोस्त रियाज से बातें करता था।
विज्ञापन

5 of 10
राधिका ने कहा, एक मां का दर्द नरेंद्र मोदी नहीं समझ सकते क्योंकि उनका बच्चा नहीं है। कमेटी को रोहित की आत्महत्या मामले की जांच करनी थी, उसकी जाति की नहीं।
विज्ञापन

6 of 10
भाजपा के इशारे पर कमेटी का ध्यान केवल इस पर था कि कैसे रोहित के निष्कासन को सही ठहराकर आत्महत्या के लिए खुद उसे जिम्मेदार बताया जाए। कमेटी ने यही किया भी।
विज्ञापन

7 of 10
उन्होंने कहा, कमेटी के अनुसार रोहित ने पारिवारिक कारणों केचलते आत्महत्या की। जब परिवारीजन उस निजी कारण को नहीं जानते जो उसके इतना करीब थे तो दिल्ली में बैठकर जांच करने वाला व्यक्ति कैसे जान गया?

8 of 10
राधिका वेमुला उप्र विधानसभा चुनाव में भाजपा के खिलाफ अभियान चलाएंगी। राधिका ने कहा, यूपी में वह ऐसी सरकार नहीं बनने देंगी जो दलित विरोधी हो। वह यहां किसी दल को अपना समर्थन नहीं देंगी, न ही किसी पार्टी से जुड़ने की योजना है। उनका लक्ष्य रहेगा कि यूपी में भाजपा की सरकार न बने।

9 of 10
अपनों को बचा रही केंद्र सरकार
रोहित के साथ ही हैदराबाद केंद्रीय विवि से निष्कासित किए गए छात्र डी. प्रशांत ने कहा, वह और उसके चार साथी अंबेडकर के विचारों का प्रचार-प्रसार करने के साथ ही उन लोगों का विरोध कर रहे थे जो बाबा साहेब की बातों को तोड़-मरोड़ कर पेश करते थे। इसी की उन्हें सजा मिली है।
विज्ञापन

10 of 10
कहा, हमने हैदराबाद में केंद्रीय मंत्री बंडारू दत्तात्रेय, तत्कालीन मानव संसाधन विकास मंत्री स्मृति ईरानी, भाजपा एमएलसी रामचंद्र राव, कुलपति प्रो. अप्पा राव और विवि में एबीवीपी के अध्यक्ष सुशील के खिलाफ एफआईआर कराई है। केंद्र सरकार इन लोगों को बचाने के लिए साजिश कर रही है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें