लखनऊ की बदहाल यातायात व्यवस्था को सुधारने और अतिक्रमण करने वालों पर नकेल कसने को पुलिस ने विशेष अभियान शुरू कर दिया है। एसएसपी कलानिधि नैथानी ने इसकी कमान संभालते हुए ‘नो ठेला, नो रेहड़ा’ मुहिम शुरू की है। पहले चरण में यह अभियान हजरतगंज और गोमती नगर में चलाया जा रहा है। इसके तहत दस रास्तों पर ई-रिक्शा और गंज व गोमती नगर में ठेलों पर रोक लगा दी गई है। इन इलाकों में यातायात व्यवस्था प्रभावित करने वाले ठेले, खोंमचे लगाने वाले 11 लोगों को बुधवार को जेल भेजा गया।
इन रास्तों पर ई-रिक्शा पर रोक
अमौसी से बाराबिरवा, हजरतगंज से बर्लिंग्टन चौराहा वाया रॉयल होटल, बंदरिया बाग से पॉलिटेक्निक चौराहा, बंदरिया बाग से हजरतगंज, गंज से सिकंदरबाग, कमता शहीद पथ तिराहे से शहीद पथ मोड़ कानपुर रोड, हजरतगंज से अल्का, मेफेयर, परिवर्तन चौक, सुभाष चौराहे तक, अहिमामऊ से अर्जुनगंज बाजार से रजमन चौकी, कटाईपुल से लालबत्ती चौराहा, पिकअप पुल ढाल से इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान, विजयीपुर अंडरपास, इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान से हाईकोर्ट गेट नंबर-3 व गोमतीनगर स्टेशन रोड, हजरतगंज से परिर्वतन चौक वाया अल्का, मेफेयर, बाल्मीकि तिराहा, प्रेस क्लब, हिन्दी संस्थान, केडी सिंह बाबू स्टेडियम तक ई-रिक्शा फ्री जोन घोषित किया गया है।
आदेश के पालन को हजरतगंज, गोमतीनगर, विभूतिखंड, गाजीपुर, गोसाईंगंज, कैंट, गौतमपल्ली, कैसरबाग, आशियाना, सरोजनीनगर, पीजीआई, कृष्णानगर, आलमबाग व मानकनगर थानों के प्रभारी निरीक्षकों को जिम्मेदारी सौंपी गई है। इसमें लापरवाही पर संबंधित के खिलाफ कार्रवाई होगी। वहीं, बुधवार को पुलिस ने हजरतगंज स्थित महात्मा गांधी मार्ग पर खड़े 30 ई-रिक्शा सीज किए।
चौराहों को फ्री-लेफ्ट टर्न रखने का निर्देश
एसएसपी कलानिधि नैथानी ने जाम लगने वाले क्षेत्रों का निरीक्षण कर कई चौराहों को चिह्नित किया। इसमें कई चौराहों को फ्री-लेफ्ट टर्न रखने का निर्देश दिया, ताकि इनसे बाएं तरफ जाने वाले राहगीरों को दिक्कत न हो। वहीं, कमता तिराहे पर अतिक्रमण हटाकर रास्ता बनाया गया।
दोबारा अतिक्रमण किया तो गुंडा एक्ट
यातायात व्यवस्था सुधारने व अतिक्रमण पर लगाम कसने के लिए शांति भंग की कार्रवाई भी शुरू कर दी गई है। दो दिन में 200 से अधिक अतिक्रमणकारियों पर शांति भंग की कार्रवाई की गई। साथ ही अपर पुलिस अधीक्षक पूर्वी ने बुधवार को अतिक्रमण के खिलाफ अभियान की रिपोर्ट तलब की। इसे देखने के बाद उन्होंने सभी प्रभारी निरीक्षकों को निर्देश दिया कि कार्रवाई के बाद दोबारा अतिक्रमण करने वालों की सूची तैयार करें। इनके खिलाफ गुंडा एक्ट की कार्रवाई होगी।