डिप्टी एसपी आईपी सिंह
- फोटो : अमर उजाला
दोनों समुदाय के लोग, धार्मिक गुरू, कारोबारी और गणमान्य नागरिक उनके सौम्य व्यवहार और संतुलित कार्यशैली के मुरीद थे। शांत स्वभाव के इंस्पेक्टर आईपी सिंह ने अपने कार्यकाल के दौरान कभी सांप्रदायिक संघर्ष नहीं होने दिया। होली-दीपावली हो या ईद-बकरीद, वह सभी कार्यक्रमों में लोगों को न सिर्फ कोतवाली बुलाकर मिठाई खिलाते थे, बल्कि उनके घर जाकर खुशियों में शरीक होते थे।