अटेंडेंट विशाल ने बताया कि ड्यूटी के दौरान महिला स्टाफ के साथ यात्री छेड़छाड़ तक कर देते थे। जबरन सेल्फी लेने लगते थे और शिकायत पर मुंह बंद रखने को कहा जाता था। नम्रता मिश्रा ने बताया कि ट्रेनिंग के नाम पर भी परेशान किया जाता था। विरोध करने पर नौकरी से निकाल देने की धमकी दी जाती थी। इसके अलावा मेकअप ठीक से नहीं होने पर भी सीनियर मैनेजर जुर्माना वसूलते थे। केबिन क्रू वैष्णवी सिंह ने बताया कि छेड़खानी व लगातार ड्यूटी की शिकायत उन्होंने आईआरसीटीसी अधिकारियों से भी की थी, जिस पर जल्द कार्रवाई का आश्वासन दिया गया था।
आरोप बेबुनियाद
सारे आरोप बेबुनियाद हैं। किसी को नौकरी से हटाया नहीं गया है। जब दूसरी तेजस चलाई जाएगी या इस ट्रेन में बोगियां बढ़ाई जाएंगी तो इन्हें दोबारा नौकरी पर रखा जाएगा। - प्रदीप सिंह, एचआर, वृंदावन फूड