फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Makar Sankranti Rangoli : मकर संक्रांति पर वास्तु से हिसाब से बनाएं रंगोली, घर में आएगी सकारात्मकता

Sun, 15 Jan 2023 08:27 AM IST
श्रुति गौड़ लाइफस्टाइल डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
विज्ञापन
1 of 5
मकर संक्रांति पर वास्तु से हिसाब से बनाएं रंगोली - फोटो : amar ujala
Simple Rangoli Design for Makar Sankranti :  हिंदू धर्म में रंगोली का काफी महत्व होता है। जब भी किसी शुभ काम की शुरूआत की जाती है तो हम सभी अपने अपने घरों में रंगोली की डिजाइन बनाते हैं। कोई भी त्योहार हो तो भी सभी लोग अपने-अपने घरों-दुकानों में रंगोली बनाते हैं। ऐसा माना जाता है कि रंगोली बनाने से घर में सकारात्मकता आती है। ऐसे मे आज हम आपको मकर संक्रांति के त्योहार पर बनने वाली रंगोलियों के बारे में बताएंगे।

दरअसल, इस बार मकर संक्रांति का त्योहार 15 जनवरी को मनाया जाएगा। इस दिन को कई जगह उत्तरायण भी करते हैं क्योंकि मकर संक्रांति के दिन से ही शुभ कार्यों की शुरुआत होती है। इसी के चलते आप भी अपने घरों में रंगोली बनाकर घर की रौनक बढ़ा सकते हैं। मकर संक्रांति के दिन लोग पतंग वाली रंगोली, स्वास्तिक चिह्न, ओम, श्री, मगंल कलश आदि डिजाइन वाली रंगोली बनाते हैं। आइए आपको वास्तु के हिसाब से रंगोली की डिजाइन और उसकी दिशा के बारे में बताते हैं।
विज्ञापन

2 of 5
रंगोली - फोटो : pixabay
पहले जानें रंगोली के विभिन्न नाम

भारत के कई राज्यों में रंगोली को अलग-अलग नामों से जाना जाता है। दक्षिण में रंगोली को कोल्लम कहते हैं, तो वहीं महाराष्ट्र में इसे रंगोली ही बोला जाता है। बंगाल में इसे अल्पना के नाम से जाना जाता है। रंगों के अलावा रंगोली फूल, हल्दी, मेंहदी, आटे और रोली की मदद से भी बनाई जाती है।
विज्ञापन

3 of 5
वास्तु से हिसाब से बनाएं रंगोली - फोटो : pixabay
वास्तु के अनुसार रंगोली बनाने के नियम 

ऐसी मान्यता है कि मां लक्ष्मी के स्वागत के लिए रंगोली बनाई जाती है। कहा जाता है जो भी अपने घर में रंगोली बनाता है उसका जीवन खुशियों से भर जाता है। पर, कई बार रंगोली बनाते समय हम इसकी दिशा और आकार का ध्यान नही रखते। जिसकी वजह से दरवाजे से खुशियां लौट जाती है। इसिलिए आप भी जानें क्या कहते हैं वास्तु के अनुसार रंगोली के नियम -

4 of 5
वास्तु से हिसाब से बनाएं रंगोली - फोटो : अमर उजाला
  • घर में त्रिकोण रंगाली बनाने से जीवन में सुरक्षा और आत्मविश्वास का संचार होता है। ये रंगोली हमेशा दक्षिण-पुर्व दिशा में बनानी चाहिए।
  • गोलाकार रंगोली से जीवन में उपलब्धि हासिल होती है। इसे घर के पश्चिम दिशा में बनाना शुभ माना जाता है। 
  • अगर अंडाकार रंगोली को पूर्व दिशा मे बनाएंगें तो विकास के नए रास्ते खुलते हैं।
  • उत्तरमुखी घरवालों को लाल, नारंगी और बैंगनी रंगों की रंगोली बनाने से दूर रहना चाहिए। इससे तरक्की में बाधा आती है।
  • दक्षिणमुखी घर वालों को नीला रंग और लहरिया आकार की रंगोली से दूर रहना चाहिए। इससे सुरक्षा में खतरा उत्पन्न होता है। 
  • पश्चिम मुखी घर वाले यदि सुनहरे और सफेद रंग की रंगोली बनाएंगे तो उनके लिए ये काफी शुभ रहेगा। अगर आकार की बात करें तो गोलाकार या अंडाकार आकार इनकी रंगोली के लिए काफी शुभ माना जाता है।
विज्ञापन
विज्ञापन

5 of 5
रंगोली - फोटो : Istock
इस बात का रखें खास ध्यान

स्वास्तिक, ओम या फिर श्री की हिंदू धर्म में बहुत मान्यता है। इसको लिखना काफी शुभ माना जाता है। ऐसे में अगर आप अपनी रंगोली में ये शब्द लिख रहे रहें हैं तो इस बात का ध्यान रखें कि इस पर किसी का पैर ना पड़े। 
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें