International Yoga Day 2022: कोरोना काल में खुद को स्वस्थ और फिट रखने के लिए योग का महत्व बढ़ा। घर पर लोग लॉकडाउन के दौरान बंद हो गए थे। खुद को स्वस्थ रखने के लिए उन्होंने जल्दी उठकर योग और व्यायाम करना शुरू किया। इस तरह का रूटीन भारत के बाहर विदेशों में भी अपनाया गया। विदेशों में योग की जरूरत को महसूस किया गया। विदेशों में योग का प्रसार साल 2015 में अंतरराष्ट्रीय योग दिवस मनाए जाने से हुआ है। भारत को योग गुरु कहा जाता है। योग भारत की संस्कृति का हिस्सा है, जो विदेशों तक फैला और आज दुनियाभर में एक ट्रेंड की तरह फॉलो किया जा रहा है। 21 जून को हर साल अंतरराष्ट्रीय योग दिवस मनाया जाता है। लेकिन योग को अंतरराष्ट्रीय स्तर तक पहुंचाने और पहचान दिलाने का काम भारत के योग गुरुओं ने किया। चलिए जानते हैं भारत के योग गुरु के बारे में, जिनके प्रयासों से योग विदेश तक पहुंचा।