International Day Of Non Violence 2022: अंहिसा एक ऐसी भावना और प्रतिबद्धता है, जिसमें व्यक्ति या वस्तु को हानि न पहुंचाई जा सकती। भारतीय परंपरा में यह एक व्यक्तिगत नियम है, जो किसी भी व्यक्ति को रोकता है कि वह दूसरे व्यक्ति को चोट पहुंचाए। दुनियाभर में लोगों को अंहिसा के मार्ग पर चलने की सीख दी जाती है। अहिंसा के प्रति लोगों को जागरूक करने के उद्देश्य से हर साल दुनियाभर में अंतरराष्ट्रीय अहिंसा दिवस मनाया जाता है। लेकिन अहिंसा का नाम आते ही सबसे पहले भारत और महात्मा गांधी की छवि आपके दिमाग में आती है। महात्मा गांधी ने एक लाठी के दम पर अंग्रेजों को भारत छोड़ने पर मजबूर कर दिया। पर ये लाठी अंग्रेजों को चोट पहुंचाने के लिए नहीं थी, बल्कि अहिंसा के मार्ग पर बिना डगमगाए चलने के लिए थी। चलिए जानते हैं अंतरराष्ट्रीय अहिंसा दिवस के बारे में, कब और क्यों मनाते हैं अहिंसा दिवस, महात्मा गांधी से क्या है अहिंसा दिवस का संबंध।