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WHO विशेषज्ञ की चेतावनी: कोरोना महामारी को फिलहाल एंडेमिक स्टेज में समझने की भूल न करें, इस संकट को लेकर किया सावधान

Sun, 17 Apr 2022 02:01 PM IST
अभिलाष श्रीवास्तव हेल्थ डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
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कोरोना संक्रमण का खतरा (प्रतीकात्मक तस्वीर) - फोटो : iStock
दुनिया के कई हिस्सों में कोरोना संक्रमण के मामलों में तेजी से उछाल दर्ज की जा रही है। चीन, ब्रिटेन सहित कई देशों में रोजाना के मामलों में पहले की तुलना में काफी इजाफा देखने को मिल रहा है, हालात यह हैं कि कई स्थानों पर प्रशासन ने लॉकडाउन तक लगाने की घोषणा कर दी है। भारत में भी पिछले कुछ दिनों से दैनिक संक्रमण में बढ़ोतरी रिपोर्ट की जा रही है, विशेषकर दिल्ली-एनसीआर के कुछ स्कूलों में बच्चों में सामने आए संक्रमण के मामले काफी डराने वाले हैं। स्वास्थ्य विशेषज्ञों के मुताबिक जिस तरह से रिपोर्ट्स में कोरोना के कुछ नए वैरिएंट्स का जिक्र मिलता है ऐसे में इनसे बचाव के लिए लोगों को विशेष सावधानी बरतते रहने की आवश्यकता है।

कोरोना के बढ़ते मामलों के बीच विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) के विशेषज्ञों का दावा चिंता बढ़ाने वाला है। डब्ल्यूएचओ की ओर से जारी एक हालिया रिपोर्ट में विशेषज्ञों ने लोगों को अलर्ट करते हुए कहा है कि कोरोना अब भी वैश्विक स्तर पर बड़ा खतरा बना हुआ है, इसे किसी भी स्तर से हल्के में लेने की गलती न करें। आपकी जरा सी भी लापरवाही हालात को बिगाड़ सकती है। सभी देशों को बचाव के उपाय और टीकाकरण को बढ़ावा देने पर विशेष ध्यान देने की आवश्यकता है।
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बढ़ रहे हैं कोरोना के मामले - फोटो : iStock
अभी भी कोरोना का खतरा बरकरार

कोरोना की तीसरी लहर के बाद कई रिपोर्ट्स में महामारी विशेषज्ञों ने दावा किया था कि महामारी अब एंडेमिक स्टेज में पहुंच गई है, जिससे लोगों को अब ज्यादा खतरा नहीं है। हालांकि डब्ल्यूएचओ विशेषज्ञों का हालिया दावा इन रिपोर्ट्स को खारिज करता है। डब्ल्यूएचओ हेल्थ इमर्जेंसी प्रोग्राम के निदेशक माइकल रयान ने हाल ही में एक आपात बैठक के बाद कहा कि जिस तरह के मौजूदा हालात हैं उसमें यह समझना कि कोरोना एंडेमिक स्टेज में है, गलत है। यह अब भी बड़ा खतरा बनी हुई है।
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कोरोना के नए वैरिएंट्स खतरनाक (सांकेतिक तस्वीर) - फोटो : pixabay
नए वैरिएंट्स बढ़ाते हैं चिंता

डब्ल्यूएचओ के शोधकर्ताओं का कहना है कि जिस तरह से पिछले एक महीने में दुनियाभर में ओमिक्रॉन BA.2 और हाल ही में सामने आए एक्सई वैरिएंट के कारण मामलों में उछाल देखने को मिला है, वह निश्चित ही चुनौतीपूर्ण है। इससे स्पष्ट होता है कि हमें फिलहाल कोरोना को  एंडेमिक मानने की गलती नहीं करनी चाहिए, इससे अभी भी खतरा बना हुआ है। विशेषकर ये नए वैरिएंट्स अपेक्षाकृत अधिक संक्रामक माने जा रहे हैं, जिनसे बचाव के लिए अधिक सतर्कता की आवश्यकता है।

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बढ़ रहे हैं कोरोना संक्रमण के मामले - फोटो : पीटीआई
क्या आने वाली है चौथी लहर? 

इस बीच, राज्य सरकार द्वारा गठित कोविड-19 के लिए तकनीकी सलाहकार समिति (टीएसी) के विशेषज्ञों ने लोकल स्तर पर कोविड-19 के मामलों की निगरानी और परीक्षण बढ़ाने पर जोर दिया है। विशेषज्ञ कहते हैं, जिस तरह से दिल्ली में कोरोना के मामलों में बढ़ोतरी दर्ज की गई है, यह अलार्मिंग है पर इसे अभी से चौथी लहर का संकेत मानना जल्दबाजी होगी। आने वाले समय में हम शायद अधिकांश मामले पुनर्संक्रमण के ही देखेंगे। भले ही आप पहले संक्रमित रह चुके हों या टीकाकरण करा लिया है, कोरोना से बचाव के लगातार उपाय करते रहना बहुत आवश्यक है।
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कोरोना महामारी संकट - फोटो : istock
कब खत्म होगी कोरोना महामारी?

अब बड़ा सवाल यह है कि कोरोना महामारी कब तक जारी रहेगी? इस संबंध में विशेषज्ञों का कहना है कि अतीत में, कई महामारी, एंडेमिक स्टेज में पहुंची है, मौसमी इन्फ्लूएंजा इसका उदाहरण है। फिलहाल कोरोना महामारी के बारे में कोई दावा सही नहीं है, क्योंकि जिस तरह के इसके वायरस में लगातार म्यूटेशन होता जा रहा है, यह बड़ी चिंता का सबब है।

फिलहाल यह समझना महत्वपूर्ण है कि टीके, गंभीर बीमारी और मृत्यु से सुरक्षा प्रदान करते हैं, लेकिन कुछ समय के बाद इनका भी प्रभाव कम हो जा रहा है, ऐसे में बूस्टर खुराक और सबसे महत्वपूर्ण है कि हम लगातार कोविड से बचाव के उपायों को अपनी जीवनशैली का हिस्सा बना लें।
 
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नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्ट्स और स्वास्थ्य विशेषज्ञों की सुझाव के आधार पर तैयार किया गया है। 

अस्वीकरण: अमर उजाला की हेल्थ एवं फिटनेस कैटेगरी में प्रकाशित सभी लेख डॉक्टर, विशेषज्ञों व अकादमिक संस्थानों से बातचीत के आधार पर तैयार किए जाते हैं। लेख में उल्लेखित तथ्यों व सूचनाओं को अमर उजाला के पेशेवर पत्रकारों द्वारा जांचा व परखा गया है। इस लेख को तैयार करते समय सभी तरह के निर्देशों का पालन किया गया है। संबंधित लेख पाठक की जानकारी व जागरूकता बढ़ाने के लिए तैयार किया गया है। अमर उजाला लेख में प्रदत्त जानकारी व सूचना को लेकर किसी तरह का दावा नहीं करता है और न ही जिम्मेदारी लेता है। उपरोक्त लेख में उल्लेखित संबंधित बीमारी के बारे में अधिक जानकारी के लिए अपने डॉक्टर से परामर्श लें।
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