शरीर के संपूर्ण स्वास्थ्य को बेहतर बनाए रखने के लिए मौखिक स्वच्छता पर ध्यान देना विशेष आवश्यक माना जाता है। ओरल हाइजीन यानी की मुंह की साफ-सफाई, दांत-मसूड़ों और जीभ के साथ-साथ शरीर को अन्य अंगों को भी स्वस्थ रखने के लिए आवश्यक मानी जाती है। आपको भी जानकर अचरज हो रहा होगा, लेकिन अध्ययन भी इस बात की पुष्टि करते हैं कि ओरल हाइजीन, विशेषकर दांतों की साफ-सफाई रखने की आदत आपको हृदय और मनोरोगों के खतरे से सुरक्षित रखने में विशेष भूमिका निभा सकती है। शोध बताते हैं कि जो लोग नियमित रूप से ब्रश नहीं करते हैं उनमें दांतों के सड़न और मसूड़ों की समस्या के साथ-साथ हृदय रोग और डेमेंशिया जैसे मानसिक रोगों का खतरा बढ़ सकता है।
स्वास्थ्य विशेषज्ञ बताते हैं, मुंह का वातावरण कई तरह के बैक्टीरिया को बढ़ावा देने के लिए सबसे अनुकूल होता है। यही कारण है कि नियमित रूप से मुंह की साफ-सफाई का ध्यान रखना आवश्यक हो जाता है। एक आदर्श ओरल हाइजीन के लिए स्वास्थ्य विशेषज्ञ सुबह-शाम ब्रश करने और कुछ खाने के बाद तुरंत अच्छे से कुल्ला करने की सलाह देते हैं। मौखिक अस्वच्छता किस प्रकार से हृदय और मनोरोगों का कारण बन सकती है, आइए इस बारे में आगे विस्तार से जानते हैं।