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Health Tips: मोबाइल-लैपटॉप के इस्तेमाल से हो सकते हैं न्यूरोलॉजिया के शिकार, जानें इस रोग के बारे में

Sat, 22 Apr 2023 01:28 PM IST
शिवानी अवस्थी हेल्थ डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
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मोबाइल-लैपटाॅप के प्रयोग से न्यूराॅलजिया की समस्या - फोटो : iStock
Health Tips Know Neuralgia : आधुनिक युग में बच्चों से लेकर बड़ों के जीवन में मोबाइल और लैपटॉप का इस्तेमाल बहुत बढ़ गया है। मोबाइल ने लोगों के जीवन को आसान बना दिया है तो वहीं कामकाज में लैपटॉप व कंप्यूटर का उपयोग लगभग अनिवार्य हो गया है। रोजमर्रा के जीवन में लोग मोबाइल और लैपटॉप का इस्तेमाल करते हैं, जो भले ही उनके जीवन को आसान बना रहा है लेकिन इसके अत्यधिक प्रयोग से स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं भी बढ़ रही हैं। अक्सर बच्चों से कहा जाता है कि अधिक मोबाइल का इस्तेमाल करना उनके लिए नुकसानदायक हो सकता है। मोबाइल लैपटॉप का अत्यधिक प्रयोग आंखों के लिए तो हानिकारक होता ही है, साथ ही नसों में दर्द की शिकायत को बढ़ा सकता है। जीएसवीएम मेडिकल कॉलेज के आॅर्थोपेडिक और एनेस्थीसिया विभाग की स्टडी के मुताबिक मोबाइल और लैपटॉप के अधिक उपयोग करने वाले 80 फीसदी लोग न्यूरालजिया की समस्या हो रही है। चलिए जानते हैं क्या है न्यूराॅलजिया, इसके लक्षण, कारण और उपचार।
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न्यूराॅलजिया क्या है - फोटो : iStock
न्यूराॅलजिया क्या है

न्यूरालजिया यानी नर्व पेन किसी खास नस में दर्द से संबंधित है। न्यूरालजिया की शिकायत होने पर एक से अधिक नस में दर्द फैलने की समस्या हो सकती है। न्यूराॅल्जिया की समस्या में शरीर की कोई भी नस प्रभावित हो सकती है।
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न्यूराॅलजिया का कारण - फोटो : iStock
न्यूराॅलजिया का कारण

नसों में दर्द के कई कारण हो सकते हैं। रसायनों और ड्रग्स के कारण, मधुमेह, संक्रमण आदि के कारण नसों पर दबाव पड़ता है। नसों में सूजन की समस्या होने पर भूी न्यूराॅलजिया हो सकता है। लैपटाॅप या मोबाइल का अधिक उपयोग करने से भी नसों में खिचांव के कारण दर्द हो सकता है, जो न्यूराॅलजिया की शिकायत को बढ़ाता है।

कोविड काल में वर्क फ्राॅम होम और डेक्स वर्क बढ़ने के बाद लैपटाॅप और मोबाइन का प्रयोग लगभग दस गुना बढ़ गया। इसके अत्यधिक प्रयोग करने से लोगों में गर्दन से लेकर कोहनी और पंजे में दर्द होने लगा। हालांकि जब लोग इस दर्द की शिकायत लेकर डॉक्टर के पास गए और दवाओं के सेवन के बाद भी महीने भर में दर्द कम नहीं होने पर जब एमआरआई और सीटी स्कैन की गई तो पता चला कि मोबाइल और लैपटॉप के घंटों प्रयोग से गर्दन की डिस्क बल्ज के कारण कई नर्व रूटों पर दबाव पड़ा, जिससे न्यूरालजिया की समस्या बढ़ी।

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न्यूरोलॉजिया के लक्षण - फोटो : iStock
न्यूरोलॉजिया के लक्षण

गर्दन से लेकर कोहनी और पंजों में दर्द ।

कंधे में सुन्न महसूस होना।

जलन और संवेदनहीनता महसूस होती है।

मांसपेशियों की कमजोरी, दर्द।

दर्द अचानक उठना और फिर बहुत तेज दर्द होता है।

कोई नुकीली चीज चुभ रही हो या जलन की अनुभूति होती है।

छूने या दबाने से दर्द महसूस होता है।

चलने-फिरने कष्ट महसूस होता है।
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न्यूरोलॉजिया से बचाव और उपचार - फोटो : istock
न्यूरोलॉजिया से बचाव और उपचार
  • दर्द महसूस होने पर डॉक्टर से चिकित्सीय सलाह लें।
  • मोबाइल इस्तेमाल करते समय उसकी पोजीशन आंखों के स्तर पर लाएं।
  • नियमित व्यायाम करने से गर्दन और कमर को कम किया जा सकता है।
  • लैपटॉप का उपयोग करते समय पोजीशन ऐसी हो कि गर्दन और कमर सीधी रहें।
  • मोबाइल- लैपटॉप के इस्तेमाल लगातार न करें। बीच-बीच में उठकर टहलें।
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नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्ट्स और स्वास्थ्य विशेषज्ञों की सुझाव के आधार पर तैयार किया गया है। 

अस्वीकरण: अमर उजाला की हेल्थ एवं फिटनेस कैटेगरी में प्रकाशित सभी लेख डॉक्टर, विशेषज्ञों व अकादमिक संस्थानों से बातचीत के आधार पर तैयार किए जाते हैं। लेख में उल्लेखित तथ्यों व सूचनाओं को अमर उजाला के पेशेवर पत्रकारों द्वारा जांचा व परखा गया है। इस लेख को तैयार करते समय सभी तरह के निर्देशों का पालन किया गया है। संबंधित लेख पाठक की जानकारी व जागरूकता बढ़ाने के लिए तैयार किया गया है। अमर उजाला लेख में प्रदत्त जानकारी व सूचना को लेकर किसी तरह का दावा नहीं करता है और न ही जिम्मेदारी लेता है। उपरोक्त लेख में उल्लेखित संबंधित बीमारी के बारे में अधिक जानकारी के लिए अपने डॉक्टर से परामर्श लें।
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