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नई मुसीबत: प्याज खाने के बाद सैकड़ों लोग हुए साल्मोनेला संक्रमित, जानिए इस बीमारी के लक्षण और बचाव के तरीके?

Tue, 26 Oct 2021 02:17 PM IST
Abhilash Srivastava हेल्थ टिप्स, अमर उजाला, नई दिल्ली
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प्याज के कारण साल्मोनेला संक्रमण के मामले - फोटो : Pixabay
कोरोना वायरस का कहर दुनिया के तमाम देशों में अब भी जारी है, इस बीच अमेरिका के कुछ हिस्सों से साल्मोनेला संक्रमण के मामले सामने आ रहे हैं। हालिया रिपोर्टस के मुताबिक साल्मोनेला संक्रमित प्याज खाने से अमेरिका के 37 राज्यों में करीब 652 लोग बीमार पड़ चुके हैं। अधिकारियों के मुताबिक मेक्सिको से निर्यात होने वाले प्याज के कारण इस संक्रमण के मामले सामने आ रहे हैं, जिसके चलते लोगों में खासा भय का माहौल देखने को मिल रहा है। इस खतरे को ध्यान में रखते हुए स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने पड़ोसी देश से खरीदे गए प्याज की जांच कराने के आदेश दिए हैं। 

स्वास्थ्य विशेषज्ञों के मुताबिक सामान्यतौर पर कच्चे अंडे के सेवन के कारण इस तरह की समस्या होने के मामले सामने आते रहे हैं, हालांकि अमेरिका में प्याज के सेवन के कारण साल्मोनेला संक्रमण ने लोगों की चिंता बढ़ा दी है। ताजा रिपोर्टस में फिलहाल इस संक्रमण के कारण किसी के जान जाने की खबर नहीं है। आइए आगे की स्लाइडों में साल्मोनेला संक्रमण के खतरे के बारे में विस्तार से जानते हैं। 
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साल्मोनेला संक्रमण (प्रतीकात्मक तस्वीर) - फोटो : Pixabay
साल्मोनेला संक्रमण क्या होता है?
स्वास्थ्य विशेषज्ञों के मुताबिक साल्मोनेला संक्रमण (साल्मोनेलोसिस) एक सामान्य जीवाणु रोग है, जो आंतों के मार्ग को प्रभावित करता है। साल्मोनेला बैक्टीरिया आमतौर पर जानवरों और इंसानों की आंतों में रहते हैं और मल के माध्यम से बाहर आ जाते हैं। दूषित पानी या भोजन के माध्यम से यह संक्रमण फैल सकता है। आमतौर पर साल्मोनेला संक्रमण में कोई लक्षण नहीं होते हैं। कुछ स्थितियों में आठ से 72 घंटों के भीतर दस्त, बुखार और पेट में ऐंठन की समस्या हो सकती है। यदि संक्रमण आपकी आंतों से बाहर हो जाए तो गंभीर जानलेवा जटिलताएं हो सकती हैं। 
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साल्मोनेला संक्रमण को कैसे पहचानें - फोटो : Pixabay
साल्मोनेला संक्रमण में क्या लक्षण होते हैं?
स्वास्थ्य विशेषज्ञों के मुताबिक साल्मोनेला संक्रमण आमतौर पर कच्चा या अधपका मांस, अंडे या दूषित सब्जियों के कारण हो सकता है। साल्मोनेला संक्रमण किसी भी आयु वर्ग के लोगों को हो सकता है और इसके लक्षण कमोबेश एक जैसे ही होते हैं। खास बात यह है कि कमजोर प्रतिरक्षा वाले लोगों में इसकी जटिलताओं के गंभीर होने का खतरा अधिक होता है। सामान्यतौर पर साल्मोनेला संक्रमण के कारण लोगों को इस तरह की समस्याओं का सामना करना पड़ सकता है।
  • जी मिचलाना-उल्टी
  • पेट में ऐंठन-दस्त
  • बुखार या ठंड लगना
  • सिरदर्द 
  • मल से खून आना

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संक्रमण का इलाज कैसे किया जा सकता है? - फोटो : iStock
साल्मोनेला संक्रमण का निदान और इलाज
साल्मोनेला संक्रमण के मामलों की पुष्टि करने के लिए डॉक्टर सबसे पहले मल की जांच कराने की सलाह देते है। यदि संक्रमण रक्त में पहुंच गया है तो उस आधार पर खून की जांच कराने की भी आवश्यकता हो सकती है। संक्रमितों में दस्त के कारण निर्जलीकरण का डर रहता है इसलिए प्रारंभिक उपचार में तरल पदार्थ और इलेक्ट्रोलाइट्स पर ध्यान दिया जाता है। इसके अलावा एंटीबायोटिक्स दवाओं के माध्यम से लक्षणों को ठीक करने में मदद मिल सकती है। यदि लक्षण गंभीर हो रहे हैं तो रोगी को उसी आधार पर इलाज दिया जाता है। 
 
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अच्छी तरह से धोकर खाएं चीजें - फोटो : iStock
तो क्या फिलहाल प्याज नहीं खाना चाहिए?
चूंकि अमेरिका के कई राज्यों में प्याज के कारण साल्मोनेला संक्रमण के मामलों की पुष्टि हुई है, ऐसे में लोगों के मन में सवाल है कि क्या फिलहाल प्याज नहीं खाना चाहिए?
अमेरिकी स्वास्थ्य विशेषज्ञों का कहना है कि संभवत: फसल के बाद की हैंडलिंग के दौरान खाद्य पदार्थ साल्मोनेला से दूषित हो गए हैं। उत्पाद काटने, धोने, पैकिंग प्रक्रियाओं के दौरान यह बैक्टीरिया के संपर्क में आ सकते हैं। इसलिए अगर खाद्य पदार्थों के सेवन से पहले उन्हें अच्छी तरह से धो लिया जाए तो इस तरह के संक्रमण के खतरे को कम किया जा सकता है। 



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स्रोत और संदर्भ
Salmonella infection

अस्वीकरण: अमर उजाला की हेल्थ एवं फिटनेस कैटेगरी में प्रकाशित सभी लेख डॉक्टर, विशेषज्ञों व अकादमिक संस्थानों से बातचीत के आधार पर तैयार किए जाते हैं। लेख में उल्लेखित तथ्यों व सूचनाओं को अमर उजाला के पेशेवर पत्रकारों द्वारा जांचा व परखा गया है। इस लेख को तैयार करते समय सभी तरह के निर्देशों का पालन किया गया है। संबंधित लेख पाठक की जानकारी व जागरूकता बढ़ाने के लिए तैयार किया गया है। अमर उजाला लेख में प्रदत्त जानकारी व सूचना को लेकर किसी तरह का दावा नहीं करता है और न ही जिम्मेदारी लेता है। उपरोक्त लेख में उल्लेखित संबंधित बीमारी के बारे में अधिक जानकारी के लिए अपने डॉक्टर से परामर्श लें।
 
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