फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Health Tips: पोटैशियम की कमी से हृदय गति पर होता है असर, क्या आपके आहार में है इसकी मात्रा?

Sat, 07 Jan 2023 07:00 AM IST
अभिलाष श्रीवास्तव हेल्थ डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
विज्ञापन
1 of 5
पोटैशियम वाली चीजें - फोटो : istock
हृदय की गति में असामान्यता के कारण कई प्रकार की गंभीर बीमारियों के विकसित होने का खतरा रहता है। सामान्य रूप से वयस्कों के लिए रेस्टिंग हार्ट रेट  60 से 100 बीट प्रति मिनट तक होती है। इसमें होने वाली कमी या अधिकता, दोनों ही स्थिति गंभीर समस्याओं का संकेत मानी जाती है। हृदय गति का सामान्य से लगातार अधिक बने रहना हार्ट अटैक जैसी जानलेवा स्थितियों का भी कारण बन सकता है।

स्वास्थ्य विशेषज्ञ बताते हैं, कुछ अंतर्निहित स्वास्थ्य समस्याओं के अलावा आहार में पोषक तत्वों की कमी के कारण भी हृदय की गति में असामान्यता हो सकती है। पोटैशियम की कमी होना ऐसी ही एक समस्या है।

पोटेशियम कई खाद्य पदार्थों में स्वाभाविक रूप से पाया जाता है। हमारी कोशिकाओं के अंदर द्रव के सामान्य स्तर को बनाए रखने और रक्तचाप को कंट्रोल करने में इसकी भूमिका होती है। इसके अलावा पोटेशियम मांसपेशियों के कॉट्रेक्शन और हार्टरेट को सामान्य बनाए रखने के लिए भी आवश्यक है। आइए जानते हैं कि इसकी कमी में किस प्रकार की समस्याएं हो सकती हैं, तथा इसकी पूर्ति के लिए क्या किया जाना चाहिए?
विज्ञापन

2 of 5
हार्ट रेट बढ़ने की समस्या - फोटो : Pixabay
पोटैशियम की कमी के कारण होने वाली समस्याएं

आहार में पोटैशियम वाली चीजों की मात्रा कम होने के कारण इसके स्तर में कमी आ सकती है, इस स्थिति को मेडिकल की भाषा में हाइपोकैलेमिया भी कहते हैं। पोटेशियम ऐसा आवश्यक खनिज है जो शरीर में तरल पदार्थों को नियंत्रित करने, मांसपेशियों और तंत्रिकाओं को ठीक से काम करते रहने में मदद करता है। शरीर में इसकी कमी हो जाने के कारण रक्तचाप और हृदय की गति प्रभावित हो जाती है। समय रहते इस समस्या का उपचार न होने के कारण हृदय पंप करना बंद कर सकता है, जोकि जानलेवा स्थिति मानी जाती है। 

आइए जानते हैं कि इस पोषक तत्व की पूर्ति कैसे की जा सकती है?
विज्ञापन

3 of 5
केला खाने से होने वाले लाभ - फोटो : iStock
पोटैशियम के लिए खाएं केला

वयस्कों के लिए प्रतिदिन 1600 से 2000 मिलीग्राम की मात्रा में पोटैशियम की आवश्यकता होती है। कई प्रकार के फलों-सब्जियों से इसे प्राप्त किया जा सकता है। केला, पोटैशियम के सबसे अच्छे स्रोतों में से एक हैं। एक केले में 451 मिलीग्राम तक पोटैशियम होता है। प्रतिदिन दो-तीन केले आपके दैनिक जरूरतों को आसानी से पूरा कर सकते हैं। यह स्वादिष्ट फल विटामिन-सी, विटामिन-बी6, मैग्नीशियम, फाइबर और एंटीऑक्सीडेंट से भी भरपूर होता है।

4 of 5
शकरकंद में पोटैशियम की मात्रा - फोटो : iStock
शकरकंद भी अच्छा आहार

शकरकंद भी आसानी से शरीर के लिए आवश्यक पोटैशियम की पूर्ति कर सकता है। 1 कप (328-ग्राम) शकरकंद से पोटैशियम के दैनिक जरूरतों का 16 फीसदी तक प्राप्त किया जा सकता है। शकरकंद वसा में कम होने के साथ, थोड़ी मात्रा में प्रोटीन और जटिल कार्ब्स के साथ फाइबर भी प्रदान करता है। डायबिटीज जैसी स्थितियों को छोड़कर शकरकंद खाना कई मामलों में आपके लिए विशेष लाभकारी है। 
विज्ञापन
विज्ञापन

5 of 5
नारियल का पानी पीने से होने वाले लाभ - फोटो : istock
नारियल पानी भी विशेष लाभकारी 

नारियल पानी को हाइड्रेटिंग पेय के रूप में जाना जाता है, यह इलेक्ट्रोलाइट्स के संतुलन को बनाए रखने के लिए सबसे अच्छा पेय हो सकता है। नारियल पानी के नियमित सेवन से पोटैशियम के साथ शरीर के लिए मैग्नीशियम, सोडियम और मैंगनीज जैसे अति आवश्यक तत्वों की भी आसानी से पूर्ति की जा सकती है। नारियल पानी आपको ऊर्जा देने के साथ पोषक तत्वों की पूर्ति करने में काफी कारगर है।



-------------
नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्ट्स और स्वास्थ्य विशेषज्ञों की सुझाव के आधार पर तैयार किया गया है। 

अस्वीकरण: अमर उजाला की हेल्थ एवं फिटनेस कैटेगरी में प्रकाशित सभी लेख डॉक्टर, विशेषज्ञों व अकादमिक संस्थानों से बातचीत के आधार पर तैयार किए जाते हैं। लेख में उल्लेखित तथ्यों व सूचनाओं को अमर उजाला के पेशेवर पत्रकारों द्वारा जांचा व परखा गया है। इस लेख को तैयार करते समय सभी तरह के निर्देशों का पालन किया गया है। संबंधित लेख पाठक की जानकारी व जागरूकता बढ़ाने के लिए तैयार किया गया है। अमर उजाला लेख में प्रदत्त जानकारी व सूचना को लेकर किसी तरह का दावा नहीं करता है और न ही जिम्मेदारी लेता है। उपरोक्त लेख में उल्लेखित संबंधित बीमारी के बारे में अधिक जानकारी के लिए अपने डॉक्टर से परामर्श लें।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें