मौसम बदलते ही क्या आप भी तेज बुखार, शरीर में दर्द, गले में खराश और खांसी से परेशान हो जाते हैं? इसे सामान्य वायरल संक्रमण या सर्दी-जुकाम समझकर नजरअंदाज कर देना हर बार ठीक नहीं है। कई बार इन लक्षणों के पीछे इंफ्लूएंजा-ए वायरस भी हो सकता है। यह वायरस हर साल मौसमी फ्लू के बड़े प्रकोप का कारण बनता है और समय-समय पर म्यूटेशन के साथ नए वैरिएंट्स लाकर गंभीर चुनौती भी बनता रहा है।
इंफ्लूएंजा-ए एक अत्यधिक संक्रामक श्वसन वायरस है, जो संक्रमित व्यक्ति के खांसने, छींकने या बातचीत के दौरान निकलने वाली ड्रॉपलेट्स के जरिए एक व्यक्ति से दूसरे व्यक्ति तक पहुंच जाता है। भीड़भाड़ वाली जगहों, स्कूलों, दफ्तरों और सार्वजनिक परिवहन में इसका संक्रमण तेजी से फैल सकता है।
अधिकांश स्वस्थ लोगों में यह कुछ दिनों में ठीक हो जाता है, लेकिन छोटे बच्चों, बुजुर्गों, गर्भवती महिलाओं और पहले से किसी गंभीर बीमारी से जूझ रहे लोगों में यह निमोनिया, सांस लेने में तकलीफ और अस्पताल में भर्ती होने जैसी गंभीर स्थितियां पैदा कर सकता है। कहीं आप भी तो इसका शिकार नहीं हो गए हैं?