फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Omicron Variant: ओमिक्रॉन संक्रमण पर आईसीएमआर ने दी राहत, वैरिएंट का पता लगाने के लिए विकसित की असरदार किट

Wed, 22 Dec 2021 03:16 PM IST
Abhilash Srivastava हेल्थ डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
विज्ञापन
1 of 4
कोरोना जांच करना होगा आसान - फोटो : PTI
कोरोना के नए वैरिएंट ओमिक्राॅन के मामले भारत सहित दुनिया भर में बढ़ते जा रहे हैं। देश में 14 राज्यों में 200 से ज्यादा ओमिक्राॅन संक्रमित मिल चुके हैं। वैज्ञानिक ओमिक्रॉन वैरिएंट के बारे में विस्तार से जानने के लिए अध्ययन कर रहे हैं। ओमिक्राॅन के लक्षण डेल्टा से अलग हैं, ऐसे में इसके नए नए लक्षणों का पता चल रहा है। वहीं संक्रमितों में ओमिक्राॅन वैरिएंट की पहचान के लिए जीनोम सिक्वेंसिंग कराने की जरूरत पड़ रही है। हालांकि अब ओमिक्रॉन वैरिएंट से संक्रमण की पहचान आसान होने वाली है। वैज्ञानिकों ने संक्रमण के निदान के लिए एक खास किट तैयार की है।

भारतीय आयुर्विज्ञान अनुसंधान परिषद (आईसीएमआर) के वैज्ञानिकों ने कोरोना वायरस के ओमिक्रॉन वैरिएंट का पता लगाने के लिए एक विशेष किट तैयार की है। वैज्ञानिकों का दावा है कि इस किट के माध्यम से ओमिक्रॉन संक्रमितों का आसानी से पता लगाया जा सकेगा। संस्थान ने इस किट के विकास तथा व्यवसायीकरण के लिए इन विट्रो डायग्नोस्टिक्स (आईवीडी) किट निर्माताओं से अभिरुचि पत्र आमंत्रित किया है। आइए आगे की स्लाइडों में इस बारे में विस्तार से जानते हैं। 
Trending Videos
विज्ञापन

2 of 4
आईसीएमआर की कोरोना जांच किट - फोटो : Social media
ओमिक्रॉन की जांच किट
मीडिया रिपोर्टस के मुताबिक आईसीएमआर के क्षेत्रीय चिकित्सा अनुसंधान केंद्र, डिब्रूगढ़ ने एक नई तकनीक को विकसित की है। वैज्ञानिकों के ओमिक्रॉन संक्रमण का पता लगाने के लिए एक रियल टाइम आरटीपीसीआर और एक किट विकसिक की है। माना जा रहा है कि इस किट के माध्यम से बिना जीनोम सिक्वेंसिंग के भी संक्रमण की आसानी से पहचान की जा सकेगी। 
विज्ञापन

3 of 4
कोरोना संक्रमण का लगाया जा सकेगा पता - फोटो : iStock
संक्रमितों का पहचान करना होगा आसान
आईसीएमआर दिल्ली ने बड़े स्तर पर इस किट के विकास और व्यावसायीकरण के लिए ईमेल के माध्यम से किट निर्माताओं को आमंत्रित किया है। फिलहाल देश में ओमक्रॉन संक्रमण की पहचान के लिए सैंपल का जीनोम सिक्वेंसिंग कराया जाता है, जिससे वास्तविक स्थिति की निदान किया जा सके। यह तकनीक अपेक्षाकृत अधिक समय लेती है, ऐसे में इस किट के आने के बाद संक्रमितों का पता लगाना आसान हो जाएगा। 
विज्ञापन

4 of 4
तेजी से बढ़ रही है संक्रमितों की संख्या - फोटो : pixabay
भारत में बिगड़ रहे हैं हालात
हालिया रिपोर्टस के मुताबिक देश में लगातार ओमिक्रॉन से संक्रमितों के मामले में इजाफा देखने को मिल रहा है। महाराष्ट्र में संक्रमितों की संख्या सबसे अधिक है, वहीं राजधानी दिल्ली में अब तक 26 लोगों में ओमिक्रॉन के संक्रमण की पहचान की जा चुकी है। ओमिक्रॉन के बढ़ते मामलों को लेकर चिंता जाहिर कहते हुए एम्स के निदेशक डॉ रणदीप गुलेरिया ने कहा है कि संक्रमण के प्रसार को रोकने के लिए हमें गंभीरता दिखानी होगी। ब्रिटेन के हालात से हमें सीख लेने की आवश्यकता है। 


----------------
नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस से प्राप्त जानकारियों आधार पर तैयार किया गया है। 

अस्वीकरण: अमर उजाला की हेल्थ एवं फिटनेस कैटेगरी में प्रकाशित सभी लेख डॉक्टर, विशेषज्ञों व अकादमिक संस्थानों से बातचीत के आधार पर तैयार किए जाते हैं। लेख में उल्लेखित तथ्यों व सूचनाओं को अमर उजाला के पेशेवर पत्रकारों द्वारा जांचा व परखा गया है। इस लेख को तैयार करते समय सभी तरह के निर्देशों का पालन किया गया है। संबंधित लेख पाठक की जानकारी व जागरूकता बढ़ाने के लिए तैयार किया गया है। अमर उजाला लेख में प्रदत्त जानकारी व सूचना को लेकर किसी तरह का दावा नहीं करता है और न ही जिम्मेदारी लेता है। उपरोक्त लेख में उल्लेखित संबंधित बीमारी के बारे में अधिक जानकारी के लिए अपने डॉक्टर से परामर्श लें।
 
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें