हाथीपांव रोग से पीड़ित अमित कुमार
- फोटो : amar ujala
मरीज अमित कुमार 10 साल बाद हुए स्वस्थ
अमित कुमार ने बताया कि वह दिल्ली के कई बड़े और निजी अस्पतालों में गए लेकिन उन्हें इलाज न मिल सका। अगस्त 2021 में वह मैक्स अस्पताल में डॉक्टर प्रदीप सिंह के संपर्क में आए। जिसके बाद उनका इलाज शुरू हुआ। पहले उनके पैर के ऑप्टिकल स्टेट्स पर जाने के लिए डॉक्टर ने मैनुअल लिम्फैटिक ड्रेनेज थेरेपी की, फिर ट्रिपल बैंडिंग के साथ ही कुछ पुराने तरीकों को अपनाया। 120 सेमी से उनका पैर 112 सेमी का हो गया। फिर उनकी 4 से 5 सर्जरी हुई। अमित कुमार की आखिरी सर्जरी 24 फरवरी को हुई थी। सर्जरी के बाद उनका पैर नरम हो गया। अब उनके बाएं पैर का घेरा 65 सेमी हो गया है और पैर का वजन 45 किलो से घटकर 25 किलो तक कम हो गया है।
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नोट: यह लेख मैक्स सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल के सीनियर डायरेक्टर डाॅक्टर मनोज जौहर और डाॅ. प्रदीप के सिंह की मेडिकल रिपोर्ट्स से एकत्रित जानकारियों के आधार पर तैयार किया गया है।
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