Coronavirus infection
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कोलकाता स्थित इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ केमिकल बायोलॉजी (IICB), कोलकाता के शोधकर्ताओं ने दावा किया है कि कोरोना वायरस दिमाग के उस हिस्से को संक्रमित कर सकता है, जो सांस लेने की क्षमता को नियंत्रित करता है। दिमाग के इस हिस्से को रेस्पिरेट्री सेंटर ऑफ ब्रेन कहते हैं। शोधकर्ताओं का सुझाव है कि नर्वस सिस्टम के इस हिस्से पर नजर रखना चाहिए। ऐसा करने से यह पता चल सकता है कि कोरोना से मौत का खतरा कितना है।