हृदय की सेहत का रखें ध्यान
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क्या कहते हैं शोधकर्ता?
अध्ययन के निष्कर्ष में शोधकर्ताओं ने बताया कि फिलहाल O ब्लड ग्रुप वालों को अधिक सुरक्षित माना जा रहा है, पर ऐसा क्यों है इस बारे में स्पष्ट साक्ष्य उपलब्ध नहीं हैं। व्यक्ति अपने ब्लड ग्रुप को नहीं बदल सकता है, लेकिन दिनचर्या में बदलाव करके हृदय रोगों के जोखिम को जरूर कम किया जा सकता है। इसके लिए धूम्रपान से दूरी बनाना, नियमित व्यायाम और स्वस्थ आहार मूल मंत्र हैं। इन तीनों बातों को ध्यान में रखकर हृदय रोगों के जोखिमों को कम करने में मदद मिल सकती है। चूंकि यह खतरा कम उम्र के लोगों में भी बढ़ रहा है ऐसे में सभी लोगों को हृदय स्वास्थ्य को लेकर गंभीरता बरतने की आवश्यकता है।
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स्रोत और संदर्भ
The Connection Between Blood Type and Heart Health
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