सम्मान समारोह के दौरान बानू मुश्ताक
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प्रकाशक ने बानू की उम्मीदों को कम करने की कोशिश की
सम्मान समारोह को संबोधित करते हुए बानू ने यह भी याद किया कि कैसे उनके प्रकाशक ने उनकी उम्मीदों को कम करने की कोशिश की। उन्होंने बताया कि प्रकाशक ने उनसे कहा था कि बुकर पुरस्कार के इतिहास में कभी भी किसी लघु कहानी संग्रह ने पुरस्कार नहीं जीता है। इस पर उन्होंने प्रकाशक से कहा, 'आप क्यों नहीं मानते कि हम जीत सकते हैं? मुझे 500 फीसदी विश्वास है।'
लोगों को सिखाया कन्नड़ भाषा का सही उच्चारण
मुश्ताक ने यह भी बताया कि लोगों को कन्नड़ भाषा के बारे में बिल्कुल भी जानकारी नहीं थी। वे इसे कनाडा कहने लगे थे। तब उन्होंने लोगों को भाषा का सही उच्चारण सिखाया। मुश्ताक ने कहा, 'मैंने उन्हें कन्न-ना-दा दोहराने के लिए कहा।'