अमरनाथ यात्रा की तैयारियों के बीच भारत-पाकिस्तान अंतरराष्ट्रीय सीमा का चप्पा-चप्पा खंगाला जा रहा है। सीमा पार से आतंकियों की घुसपैठ और ड्रोन से हथियार भेजने की आशंका के मद्देनजर बड़े स्तर पर तलाशी अभियान चलाया जा रहा है। पुलिस, सीआरपीएफ और बीएसएफ के जवान कठुआ, सांबा और जम्मू के अग्रिम इलाकों को खंगाल रहे हैं। जंगल, खेत और ऐसे खाली इलाके खंगाले जा रहे हैं, जहां पर सुरंग से घुसपैठ की साजिश के इनपुट मिले हैं।
43 दिन तक चलने वाली श्री अमरनाथ यात्रा 30 जून को शुरू होनी है। कोरोना महामारी के चलते दो वर्ष बाद होने जा रही यात्रा में इस बार भारी संख्या में श्रद्धालुओं के आने की संभावना है। ऐसे में आतंकी हमले की आशंका भी बढ़ गई है। इसी आशंका को देखते हुए कठुआ, सांबा और जम्मू के सरहदी इलाकों में संयुक्त तलाशी अभियान चलाया जा रहा है। तलाशी अभियान में शामिल सांबा के डीएसपी ऑपरेशंस जीआर भारद्वाज ने बताया कि विभिन्न खुफिया एजेंसियों ने आतंकी हमले की साजिश के इनपुट साझा किए हैं।
अमरनाथ यात्रा को लेकर सुरक्षा बेहद पुख्ता की गई है, लेकिन सुरक्षा एजेंसियों के इनपुट को देखते हुए सीमावर्ती गांवों में तलाशी अभियान चलाया जा रहा है। इसी कड़ी में सुचेतगढ़ बॉर्डर से रिगाल तक आठ किलोमीटर क्षेत्र का चप्पा-चप्पा खंगाला गया। वहीं, जम्मू के आरएस पुरा सेक्टर और कठुआ के हीरानगर सेक्टर में भी संदिग्धों पर लगातार नजर रखी जा रही है। डीएसपी भारद्वाज ने कहा कि सरहदी इलाकों के रूटों पर अतिरिक्त जांच नाके लगाए गए हैं।