फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

83 का दूल्हा 30 की दुल्हन, पहली पत्नी और दो बेटियां जमकर नाचीं, 12 गांवों को दावत

Mon, 19 Feb 2018 12:35 PM IST
अमर उजाला टीम डिजिटल/जयपुर
विज्ञापन
1 of 5
सुखराम
इन दिनों पाकिस्तान के पूर्व क्रिकेटर और पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ पार्टी के मुखिया इमरान खान अपनी तीसरी शादी को लेकर सुर्खियों में हैं। लेकिन राजस्थान में शनिवार को हुई एक शादी भी सुर्खियों के लिहाज से कम नहीं है। दरअसल राजस्थान के करौली जिले में हुए एक बेमेल विवाह ने न केवल लोगों का ध्यान खींचा है, बल्कि उत्सुकता इस बात कि है आखिर क्यों उम्र के इस अंतिम पड़ाव पर एक 83 साल के बुजुर्ग को धूमधाम से शादी करने का ख्याल आया? गौर करने वाली बात यह है कि बुजुर्ग की पहली पत्नी की रजामंदी से यह विवाह हुआ है।
विज्ञापन

53 वर्ष छोटी युवती से रचाया विवाह

2 of 5
रमेशी
करौली जिले के गांव सैंमरदा निवासी सुखराम बैरवा 83 जब शनिवार को घोड़ी पर दूल्हा बन सवार हुए तो गांवों में हजारों की संख्या में लोग जमा थे। दरअसल सुखराम राहिर गांव में अपने से 53 वर्ष छोटी दुल्हन को ब्याहने निकले थे। उनकी निकासी में गांव के पंच पटेल सहित उनकी पहली पत्नी बत्तो देवी और उनकी दोनों बेटियां नाचते-झूमते शामिल हुए। सुखराम के चेहरे पर भी खुशी दिख रही थी। 
विज्ञापन

12 गांवों को दी दावत

3 of 5
सुखराम-रमेशी
सुखराम बैरवा 83 ने राहिर गांव की रहने वाली रमेशी बैरवा 30 शनिवार को धूमधाम से शादी की। यह शादी हिन्दू रीति रिवाज से संपन्न हुई। शादी के निमंत्रण पत्र से लेकर लग्न, चाक-भात सहित सभी रीति रिवाज किए गए। इतना ही नहीं सुखराम बैरवा ने अपनी शादी में 12 गांवों के लोगों को दावत दी। शनिवार को रमेशी बैरवा को ब्याहने से पूर्व उनकी बिंदौरी भी निकाली गई। जिसमें डीजे की धुनों पर गांव जमकर झूमा। 

पुत्र की चाह शादी का कारण

4 of 5
फाइल फोटो।
जानकारी के अनुसार उम्र के इस पड़ाव पर सुखराम बैरवा एक पुत्र के लिए रमेशी बैरवा से शादी की है। दरअसल सुखराम के दो पुत्री हैं। जबकि उनके एकलौते बेटे की 30 वर्ष की उम्र में बीमारी के कारण मौत हो चुकी है। इसलिए सुखराम ने अपनी पत्नी बत्तो और पूरे परिवार की रजामंदी से 54 वर्ष छोटी रमेशी बैरवा से शादी की है। रविवार को जब रमेशी बैरवा दुल्हन बनकर सैंमरदा पहुंची तो शादी के बाद की रस्में अदा की गई।
 
विज्ञापन
विज्ञापन

मुंह दिखाई में पहुंचा पूरा गांव

5 of 5
फाइल फोटो।
सुखराम बैरवा ने जिस युवती से शादी की है वह माानसिक रुप से अस्वस्थ बताई जा रही है। रमेशी बैरवा की छह और बहनें है। सभी की शादी हो चुकी है। जबकि रमेशी बैरवा का एक भाई था। उसकी भी कई वर्ष पहले मौत हो चुकी है। वहीं ग्रामीणों का कहना है सुखराम बैरवा आर्थिक रुप से काफी संपन्न है। गांव में काफी जमीन-जायदाद होने के साथ दिल्ली में भी उनका मकान है। वहीं उनकी पहली पत्नी इस शादी से काफी खुश है। 
 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें