प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अपने तीन देशों की यात्रा के दौरान अपने दूसरे पड़ाव में फिलहाल अमेरिका में है। इस दौरान उन्होंने परमाणु सुरक्षा सम्मेलन में पहली बार हिस्सा लिया और अप्रत्यक्ष रूप से पाकिस्तान पर निशाना भी साधा।
विज्ञापन
2 of 7
- फोटो : PTI
उन्होंने इस सम्मेलन में पाक पर निशाना साधते हुए कहा कि आतंकियों और परमाणु तस्करों के साथ मिलकर काम करने वाले सरकारी तत्व परमाणु सुरक्षा के लिए सबसे बड़ा खतरा हैं। पीएम ने कहा कि इस दौरान यह धारणा छोड़ने की बात कही है कि जिसमें 'उसका आतंकी मेरा आतंकी नहीं है' शामिल है।
विज्ञापन
3 of 7
Narendra modi
- फोटो : PTI
बीते दिनों ब्रसेल्स पर हुए हमले को ध्यान में रखते हुए पीएम ने कहा कि यह हमला इस बात का संकेत है कि आतंकवाद की वजह से परमाणु सुरक्षा पर खतरे की बात खरी और सन्निकट है। पीएम ने कहा कि सभी देशों को आंतकवाद के संदर्भ में अतंराष्ट्रीय दायित्वों का पालन करना चाहिए।
4 of 7
- फोटो : PTI
आतंक के तीन मुख्य सामयिक लक्षणों की चर्चा करते हुए पीएम ने कहा कि ' आज आतंकवाद चरमपंथी हिंसा का प्रयोग नाटक मंच की तरह कर रहा है। उन्होंने कहा कि दूसरा हम किसी ऐसे आतंकी की तलाश नहीं कर रहे हैं जो किसी गुफा में छिपा है बल्कि हमें उनकी तलाश है जो स्मार्ट फोन और कंप्यूटर के साथ हमारे शहरों में मौजूद है।
विज्ञापन
5 of 7
- फोटो : PTI
तीसरे बिंदु को रेखांकित करते हुए पीएम ने पाक को निशान पर लिया और कहा कि आतंकियों और परमाणु तस्करों के साथ सरकारी तत्वों का मिल जाना बड़ा खतरा है। इस दौरान पीएम ने कहा कि आतंक अब विकसित हो चुका है जो 21 वीं सदी की तकनीक इस्तेमाल कर रहा है लेकिन हमारा जवाब आज भी पुराना ही है।
विज्ञापन
6 of 7
- फोटो : PTI
दो दिवसीय परमाणु सुरक्षा शिखर सम्मेलन की शुरूआत के दौरान अमेरिकी राष्ट्रपति बराक ओबामा की ओर से दिए गए रात्रिभोज के मौके पर पीएम मोदी ने कहा कि आतंकवाद की पहुंच और आपूर्ति वैश्विक है लेकिन देशों के बीच स्वाभाविक सहयोग नहीं है। उन्होंने कहा कि हमें यह सोच खत्म करनी होगी आतंक किसी और की दिक्कत है।